हिमाचल में 6 माह के लिए एस्मा लागू, एचआरटीसी कर्मचारियों की हड़ताल पर रोक
हिमाचल प्रदेश सरकार ने सार्वजनिक परिवहन सेवाओं को आवश्यक सेवा घोषित करते हुए एचआरटीसी कर्मचारियों की हड़ताल पर छह माह के लिए प्रतिबंध लगाया है। आदेश के तहत आवश्यक सेवाओं में किसी भी प्रकार की हड़ताल पर रोक रहेगी और उल्लंघन की स्थिति में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
शिमला
सार्वजनिक परिवहन सेवाओं को आवश्यक सेवा घोषित
हिमाचल प्रदेश सरकार ने सार्वजनिक सड़क परिवहन सेवाओं को आवश्यक सेवा की श्रेणी में शामिल करते हुए एचआरटीसी कर्मचारियों और इससे जुड़े संचालन तथा रखरखाव कर्मियों पर लागू व्यवस्था स्पष्ट की है। सरकार के अनुसार यह निर्णय यात्रियों की निर्बाध आवाजाही, आवश्यक वस्तुओं के परिवहन, कानून-व्यवस्था बनाए रखने और जनहित से जुड़े कामकाज को प्रभावित होने से बचाने के लिए लिया गया है। सार्वजनिक परिवहन राज्य की नियमित सेवाओं का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, इसलिए इसे आवश्यक सेवा मानते हुए प्रशासनिक स्तर पर अलग प्रावधान लागू किए गए हैं।
छह माह तक लागू रहेगा प्रतिबंध
जारी अधिसूचना के अनुसार हिमाचल प्रदेश आवश्यक सेवा (अनुरक्षण) अधिनियम के तहत सार्वजनिक परिवहन सेवाओं में किसी भी प्रकार की हड़ताल पर छह माह की अवधि के लिए या अगले आदेश तक रोक रहेगी। सरकार ने स्पष्ट किया है कि यदि परिवहन सेवाओं में व्यवधान आता है तो इसका सीधा असर रोजाना यात्रा करने वाले लोगों, माल ढुलाई, आपूर्ति व्यवस्था और सार्वजनिक सुविधा पर पड़ सकता है। इसी कारण इस श्रेणी की सेवाओं को फिलहाल हड़ताल प्रतिबंध के दायरे में रखा गया है।
मंडी डिपो में कर्मचारियों की छुट्टियां रद
एचआरटीसी मंडी डिपो प्रबंधन ने भी प्रशासनिक स्तर पर कदम उठाते हुए कर्मचारियों की स्वीकृत छुट्टियां रद कर दी हैं। सभी संबंधित कर्मचारियों को 24 जून को ड्यूटी पर उपस्थित रहने के निर्देश दिए गए हैं। आदेश में यह भी कहा गया है कि निर्धारित तिथि पर अनुपस्थित रहने की स्थिति में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। यह व्यवस्था डिपो स्तर पर सेवाओं की निरंतरता बनाए रखने के लिए लागू की गई है।
उल्लंघन पर होगी कार्रवाई
अधिसूचना में यह भी स्पष्ट किया गया है कि सार्वजनिक परिवहन सेवाओं में कार्यरत कोई भी कर्मचारी प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से हड़ताल से जुड़ी गतिविधियों में शामिल नहीं होगा। आदेशों का उल्लंघन होने पर संबंधित प्रावधानों के तहत दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। अपर मुख्य सचिव (परिवहन) आरडी नजीम द्वारा जारी इस अधिसूचना के बाद परिवहन विभाग और निगम स्तर पर आवश्यक निर्देश लागू कर दिए गए हैं।