इंदौरा की चार पंचायतों के विकास कार्यों की समीक्षा, 13 करोड़ से बन रहा 33 केवी सब-स्टेशन
इंदौरा विधानसभा क्षेत्र की चार पंचायतों में चल रहे विकास कार्यों, स्थानीय समस्याओं और भविष्य की जरूरतों की समीक्षा के लिए विधायक मलेन्द्र राजन ने पंचायत प्रतिनिधियों के साथ बैठक की। इस दौरान सड़क, बिजली, पेयजल, सिंचाई, शिक्षा और स्वास्थ्य से जुड़े विषयों पर चर्चा हुई। विधायक ने बताया कि क्षेत्र में करीब 13 करोड़ रुपये की लागत से 33 केवी विद्युत सब-स्टेशन का निर्माण कार्य प्रगति पर है।
इंदौरा
वन विश्रामगृह इंदौरा में आयोजित बैठक में कंगरेड़ी, मदोली, मकड़ौली और टप्पा पंचायत के जनप्रतिनिधियों तथा क्षेत्र के गणमान्य लोगों ने हिस्सा लिया। बैठक में संबंधित पंचायतों में जारी विकास कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई। इसके साथ ही स्थानीय स्तर पर जरूरी विकास कार्यों और लोगों की समस्याओं पर विचार-विमर्श किया गया। विधायक मलेन्द्र राजन ने कहा कि इस संवाद का उद्देश्य पंचायत प्रतिनिधियों के माध्यम से क्षेत्र की जमीनी आवश्यकताओं को समझना और विकास कार्यों से जुड़े विषयों की विस्तृत जानकारी लेना है।
मूलभूत सुविधाओं से जुड़े विषयों पर चर्चा
बैठक में पंचायत प्रतिनिधियों को अपने क्षेत्रों की सड़क, बिजली, पेयजल, सिंचाई, शिक्षा, स्वास्थ्य, संपर्क मार्ग और अन्य मूलभूत सुविधाओं से जुड़े विषय रखने का अवसर दिया गया। विधायक ने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू के नेतृत्व में प्रदेश सरकार विकास कार्यों को गांवों तक पहुंचाने का प्रयास कर रही है। पंचायत प्रतिनिधियों से मिले सुझावों और उनके द्वारा उठाई गई समस्याओं को संबंधित विभागों के समक्ष रखने तथा आवश्यक कार्रवाई के लिए आगे बढ़ाने पर विचार किया जाएगा।
विद्युत ढांचे को मजबूत करेगा सब-स्टेशन
मलेन्द्र राजन ने बताया कि इंदौरा क्षेत्र की विद्युत व्यवस्था को मजबूत करने के लिए करीब 13 करोड़ रुपये की लागत से 33 केवी सब-स्टेशन का निर्माण किया जा रहा है। इसका निर्माण कार्य प्रगति पर है और पूरा होने के बाद क्षेत्र के विद्युत आधारभूत ढांचे को मजबूती मिलेगी। बैठक के दौरान बिजली व्यवस्था से जुड़े विषयों के साथ अन्य आधारभूत विकास कार्यों की स्थिति पर भी चर्चा की गई। पंचायत प्रतिनिधियों ने क्षेत्र की जरूरतों और समस्याओं से विधायक को अवगत कराया।
विधायक ने कहा कि पंचायत स्तर पर जनप्रतिनिधियों के साथ सीधे संवाद से स्थानीय प्राथमिकताओं को समझने में मदद मिलती है। सड़क, बिजली, पेयजल, शिक्षा, स्वास्थ्य और अन्य मूलभूत सुविधाओं से संबंधित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाने के लिए पंचायत प्रतिनिधियों और विभागों के बीच समन्वय जरूरी है। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों की प्रगति की जानकारी लेने के साथ प्रतिनिधियों के सुझाव संबंधित विभागों के सामने रखे जाएंगे। आगामी बैठकों में भी क्षेत्रवार विकास कार्यों और जनसमस्याओं पर इसी प्रकार चर्चा की जाएगी।