मंडी में डाक वितरण में अनियमितता पर दो कर्मचारी निलंबित, विभाग ने अनडिलीवर पत्र लाभार्थियों तक पहुंचाए
डाक वितरण में कथित अनियमितता के मामले में मंडी जिले की दो शाखाओं में तैनात दो कर्मचारियों को विभाग ने निलंबित कर विभागीय जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच के दौरान कर्मचारियों के पास मिले अनडिलीवर पत्र संबंधित प्राप्तकर्ताओं तक पहुंचा दिए गए हैं, जबकि डाक वितरण रिकॉर्ड, प्रस्तुत रिपोर्टों और अन्य तथ्यों की विस्तृत जांच जारी है।
मंडी
डाक वितरण में अनियमितता पर विभागीय कार्रवाई
मंडी जिले के चौंतड़ा और जोगिंद्रनगर डाक क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली गोलवां और जलपेहड़ शाखाओं में तैनात दो सहायक शाखा पोस्टमास्टरों को डाक वितरण में कथित अनियमितता के मामले में निलंबित कर दिया गया है। पोस्ट ऑफिस निरीक्षक संजय भारद्वाज ने दोनों कर्मचारियों के विरुद्ध तत्काल प्रभाव से विभागीय कार्रवाई करते हुए उन्हें ड्यूटी से हटा दिया है। निलंबित कर्मचारियों में मयंक और दीपक शामिल हैं। विभाग ने दोनों के मुख्यालय क्रमशः जोगिंद्रनगर और चौंतड़ा डाकघर निर्धारित किए हैं। मामले की विस्तृत विभागीय जांच शुरू कर दी गई है और जांच पूरी होने तक दोनों कर्मचारियों को नियमित कार्य से अलग रखा गया है।
कमरे से मिले करीब 200 अनडिलीवर पत्र
प्रारंभिक जांच के दौरान दोनों कर्मचारियों के किराये के कमरे से लगभग 200 अनडिलीवर पत्र बरामद किए गए। विभागीय अधिकारियों के अनुसार इन पत्रों में 20 से 30 रजिस्टर्ड डाक भी शामिल थी, जिनका समय पर वितरण नहीं किया गया था। मामला सामने आने के बाद डाक विभाग ने सभी बरामद पत्रों का सत्यापन किया और शनिवार को उन्हें संबंधित वितरण क्षेत्र के अनुसार पुनः आवंटित कर लाभार्थियों तक पहुंचाने की प्रक्रिया पूरी की। विभाग का कहना है कि डाक वितरण व्यवस्था को सामान्य बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए गए हैं।
रिपोर्ट, रिकॉर्ड और विभागीय दस्तावेजों की जांच जारी
मामले में दोनों कर्मचारियों के प्रारंभिक बयान दर्ज कर लिए गए हैं। इसके साथ ही अधिकारियों को समय-समय पर सौंपी गई डाक वितरण संबंधी रिपोर्ट, कार्यालय रिकॉर्ड और अन्य दस्तावेजों की भी जांच की जा रही है। विभाग यह भी सत्यापित कर रहा है कि प्रस्तुत रिपोर्ट और वास्तविक डाक वितरण के बीच कोई अंतर था या नहीं। प्रारंभिक जांच रिपोर्ट सोमवार को मंडी स्थित उच्च अधिकारियों को भेजी जाएगी, जिसके बाद विस्तृत विभागीय जांच आगे बढ़ाई जाएगी।
विभागीय अधिकारियों का बयान
पोस्ट ऑफिस निरीक्षक संजय भारद्वाज ने बताया कि डाक वितरण में कथित अनियमितता के मामले में दोनों कर्मचारियों को निलंबित कर विभागीय जांच शुरू कर दी गई है। उन्होंने कहा कि डाक वितरण से जुड़ी प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। वहीं मंडी डाक अधीक्षक संजय कुमार ने बताया कि मामले की जांच जारी है और जांच पूरी होने के बाद जिम्मेदारी तय करते हुए विभागीय नियमों के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
अधिकांश पत्र संबंधित प्राप्तकर्ताओं तक पहुंचाए गए
चौंतड़ा शाखा के पोस्टमास्टर चंद्र प्रकाश ने बताया कि कर्मचारियों के कमरे से मिले अधिकांश अनडिलीवर पत्रों को उनके संबंधित पते पर पहुंचा दिया गया है। विभाग के अनुसार केवल एक पत्र ऐसा है, जिसके प्राप्तकर्ता ने अपना पता बदल लिया है और उसका नया पता अभी उपलब्ध नहीं हो सका है। नए पते का सत्यापन होने के बाद उस पत्र का भी वितरण किया जाएगा।
प्रारंभिक जांच में कर्मचारियों के बयान
विभागीय अधिकारियों के अनुसार प्रारंभिक जांच के दौरान दोनों कर्मचारियों ने स्वीकार किया कि संबंधित अवधि में कुछ डाक का वितरण निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार नहीं किया गया। उन्होंने यह भी बताया कि डाक वितरण से संबंधित रिपोर्ट कार्यालय में प्रस्तुत की जाती रही। विभाग अब इन बयानों, उपलब्ध रिकॉर्ड और अन्य दस्तावेजों का मिलान कर पूरे प्रकरण की तथ्यात्मक जांच कर रहा है। जांच पूरी होने के बाद अंतिम रिपोर्ट के आधार पर आगे की विभागीय कार्रवाई की जाएगी।