सासडू की बावड़ी के पास नाले में लगाए अवरोध, बरसात में राष्ट्रीय राजमार्ग की सुरक्षा को उठाया कदम
बरसात के मौसम से पहले नाहन नगर परिषद ने सासडू की बावड़ी के पास नाले में विशेष अवरोध स्थापित किए हैं। इसका उद्देश्य पुल के नीचे कचरा फंसने से पानी का प्रवाह बाधित होने और राष्ट्रीय राजमार्ग को संभावित नुकसान से बचाना है। नगर परिषद ने पूर्व अनुभवों को देखते हुए समय रहते एहतियाती तैयारी शुरू की है।
नाहन
बरसात के मौसम से पहले नाहन नगर परिषद ने वार्ड नंबर-2 स्थित सासडू की बावड़ी के समीप राष्ट्रीय राजमार्ग पर बने छोटे पुल के नीचे गुजरने वाले नाले में गंदगी रोकने के लिए तीन स्थानों पर विशेष अवरोध लगा दिए हैं। इस पहल का उद्देश्य बरसात के दौरान बहकर आने वाले कचरे को पुल के नीचे फंसने से रोकना और राष्ट्रीय राजमार्ग को संभावित नुकसान से बचाना है।जानकारी के अनुसार शहर से बहकर आने वाले इस नाले में खराब कपड़े, पॉलीथिन, झाड़ तथा अन्य ठोस कचरा लगातार पहुंचता है। पुल के नीचे नाले की संकरी निकासी होने के कारण यह कचरा अक्सर फंस जाता है, जिससे पानी का प्रवाह बाधित होने और सड़क को नुकसान पहुंचने का खतरा बना रहता है।
यह मार्ग शिमला की ओर जाने वाला प्रमुख राष्ट्रीय राजमार्ग है। ऐसे में यदि बरसात के दौरान नाला अवरुद्ध हो जाए और पानी सड़क पर आ जाए तो सड़क क्षतिग्रस्त होने के साथ यातायात भी प्रभावित हो सकता है। स्थानीय स्तर पर नाले के साथ वैकल्पिक निकासी पाइप डालने का सुझाव भी दिया गया था, लेकिन अभी तक राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण की ओर से ऐसी कोई व्यवस्था नहीं की गई है।
हालांकि राष्ट्रीय राजमार्ग की सुरक्षा की जिम्मेदारी संबंधित विभाग की है, फिर भी नगर परिषद नाहन ने अपने नैतिक दायित्व का निर्वहन करते हुए शुक्रवार को अधिकारियों और कर्मचारियों की मौजूदगी में नाले पर अवरोध स्थापित किए, ताकि बहकर आने वाला कचरा पुल के नीचे पानी के प्रवाह में रुकावट न बने।उल्लेखनीय है कि पूर्व में भी इस नाले के अवरुद्ध होने से सड़क को भारी नुकसान पहुंच चुका है। इसी अनुभव को देखते हुए इस बार बरसात से पहले एहतियाती कदम उठाए गए हैं।इस दौरान नगर परिषद के जूनियर अभियंता अनिल चौहान, ललित गोयल, गुरविंदर सिंह सहित अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।
