NDPS / रोहड़ू चिट्टा तस्करी मामले में दो दोषी करार, एक आरोपी को चार वर्ष कारावास
NDPS : रोहड़ू में 52.16 ग्राम हेरोइन बरामदगी से जुड़े मामले में विशेष न्यायाधीश रोहड़ू की अदालत ने दो आरोपियों को दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई है। मामला वर्ष 2022 में एनडीपीएस अधिनियम के तहत दर्ज किया गया था, जिसमें पुलिस ने जांच के दौरान हेरोइन बरामद की थी।
शिमला
52.16 ग्राम हेरोइन बरामदगी मामले में फैसला
विशेष न्यायाधीश रोहड़ू की अदालत ने 52.16 ग्राम हेरोइन (चिट्टा) बरामदगी और तस्करी से जुड़े मामले में दो आरोपियों को दोषी करार दिया है। यह मामला 17 जुलाई 2022 को थाना रोहड़ू में एनडीपीएस अधिनियम की धारा 21 और 29 के तहत दर्ज किया गया था। पुलिस जांच के दौरान हेरोइन बरामद की गई थी और मामले में दो व्यक्तियों को आरोपी बनाया गया था।
एक आरोपी को चार वर्ष का कारावास
अदालत ने गगन भूषण (37), निवासी गांव बिजोरी, तहसील रोहड़ू, जिला शिमला को दोषी ठहराते हुए चार वर्ष के कठोर कारावास और 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। अदालत के आदेशानुसार जुर्माना अदा न करने की स्थिति में उसे छह माह का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा।
सह-आरोपी को भी सुनाई गई सजा
मामले में सह-आरोपी मनदीपा (26), निवासी तहसील जुब्बल, जिला शिमला को भी दोषी ठहराया गया है। अदालत ने उसे एक माह 15 दिन के कठोर कारावास और पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना जमा न करने की स्थिति में उसे सात दिन का साधारण कारावास भुगतना होगा।
जांच के आधार पर सिद्ध हुए आरोप
पुलिस के अनुसार मामले की जांच तत्कालीन अन्वेषण अधिकारी एएसआई राकेश कुमार ने की थी। जांच के दौरान एकत्र किए गए साक्ष्यों तथा अभियोजन पक्ष द्वारा अदालत में प्रस्तुत तथ्यों के आधार पर आरोपियों के विरुद्ध आरोप सिद्ध हुए। मामले में पुलिस और अभियोजन पक्ष द्वारा निर्धारित कानूनी प्रक्रिया के अनुसार कार्रवाई की गई।
एनडीपीएस मामलों में कार्रवाई जारी
पुलिस विभाग के अनुसार मादक पदार्थों की तस्करी से जुड़े मामलों में जांच और कानूनी कार्रवाई निरंतर जारी है। विभाग ने कहा कि ऐसे मामलों में संबंधित कानूनों के तहत कार्रवाई की जाती है।