Politics / ‘केंद्र के पैसे पर श्रेय लेने की राजनीति बंद करे कांग्रेस’, बिजली सुधार को लेकर उद्योग मंत्री पर बरसे बिंदल
Politics : डॉ. राजीव बिंदल ने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार केंद्र सरकार द्वारा वित्तपोषित बिजली सुधार परियोजनाओं का श्रेय लेने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि सिरमौर में आरडीएसएस के तहत 194.42 करोड़ रुपये के कार्य केंद्र सरकार के सहयोग से संचालित हो रहे हैं। पत्रकार वार्ता में उन्होंने बिजली क्षेत्र में चल रही विभिन्न परियोजनाओं और उनके वित्तपोषण का भी उल्लेख किया।
नाहन
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष एवं नाहन के पूर्व विधायक डॉ. राजीव बिंदल ने मंगलवार को नाहन में आयोजित पत्रकार वार्ता में उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान पर बिजली क्षेत्र में हो रहे सुधार कार्यों का श्रेय लेने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार और उसके मंत्री केंद्र सरकार द्वारा वित्तपोषित योजनाओं का श्रेय लेने का प्रयास कर रहे हैं, जबकि इन परियोजनाओं के लिए पूरी धनराशि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार उपलब्ध करा रही है। उन्होंने कहा कि उद्योग मंत्री को कम से कम केंद्र सरकार का आभार अवश्य व्यक्त करना चाहिए था।
डॉ. बिंदल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार हिमाचल प्रदेश के विकास के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। बिजली क्षेत्र के सुदृढ़ीकरण और आधुनिकीकरण के लिए केंद्र सरकार लगातार आर्थिक सहयोग दे रही है। उन्होंने बताया कि पुनर्गठित वितरण क्षेत्र योजना (आरडीएसएस) के तहत सिरमौर जिले के लिए 194.42 करोड़ रुपये की परियोजना स्वीकृत की गई है। इस योजना का संचालन भारत सरकार के उपक्रम पावर फाइनेंस कॉरपोरेशन के माध्यम से किया जा रहा है, जबकि प्रदेश बिजली बोर्ड इसके क्रियान्वयन की जिम्मेदारी निभा रहा है। उन्होंने कहा कि देशभर में इस योजना के तहत करीब तीन लाख करोड़ रुपये के विकास कार्य स्वीकृत किए गए हैं।
उन्होंने बताया कि सिरमौर में नाहन विधानसभा क्षेत्र के लिए 86.75 करोड़ रुपये, पांवटा साहिब क्षेत्र के लिए 70.50 करोड़ रुपये तथा राजगढ़ क्षेत्र के लिए 37.17 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। इन परियोजनाओं के तहत खैरी पावर हाउस को मोगीनंद से जोड़ने, अंधेरी विद्युत उपकेंद्र को खैरी और मोगीनंद नेटवर्क से जोड़ने, नाहन विद्युत तंत्र को मजबूत करने तथा नाहन शहर को दो अलग-अलग स्रोतों से बिजली आपूर्ति उपलब्ध कराने का कार्य किया जा रहा है। इससे भविष्य में बिजली आपूर्ति अधिक विश्वसनीय और निर्बाध होगी।
डॉ. बिंदल ने कहा कि काला अंब, नाहन, दोसड़का, धारटी और पांवटा साहिब औद्योगिक क्षेत्र में बिजली व्यवस्था के सुदृढ़ीकरण के लिए जो कार्य चल रहे हैं, वे भी इसी केंद्रीय योजना का हिस्सा हैं। इन सभी परियोजनाओं की धनराशि केंद्र सरकार ने उपलब्ध कराई है।उन्होंने कहा कि उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने अपने बयान में बिजली सुधार कार्यों का उल्लेख तो किया, लेकिन जनता को यह नहीं बताया कि इन परियोजनाओं के लिए मिलने वाली राशि पूरी तरह केंद्र सरकार की है। उन्होंने कहा कि प्रदेश बिजली बोर्ड कार्यों को धरातल पर उतार रहा है, लेकिन इसके लिए वित्तीय संसाधन केंद्र सरकार उपलब्ध करा रही है।
इसलिए उद्योग मंत्री को सही तथ्यों के साथ केंद्र सरकार के योगदान का उल्लेख करते हुए उसका आभार व्यक्त करना चाहिए था।
डॉ. बिंदल ने कहा कि भाजपा विकास कार्यों का श्रेय लेने की राजनीति नहीं करती, बल्कि जनता के सामने तथ्य रखने में विश्वास रखती है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार आगे भी हिमाचल प्रदेश और सिरमौर के विकास के लिए इसी प्रकार हरसंभव सहयोग देती रहेगी।