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Crime / रोहड़ू में वृद्धावस्था पेंशन योजना मामले में 44 लोगों के खिलाफ पुलिस जांच शुरू

हिमांचलनाउ डेस्क नाहन2 • 1 Hour Ago • 1 Min Read

Crime : वृद्धावस्था पेंशन योजना के तहत कथित रूप से गलत दस्तावेज और भ्रामक जानकारी जमा किए जाने के मामले में रोहड़ू क्षेत्र में 44 लोगों के खिलाफ पुलिस थाना चिड़गांव में मामला दर्ज किया गया है। जिला कल्याण विभाग की शिकायत के बाद पुलिस ने दस्तावेजों, आयु प्रमाण पत्र और पहचान संबंधी रिकॉर्ड की जांच शुरू कर दी है, जबकि पंचायत स्तर पर सत्यापन प्रक्रिया भी जांच के दायरे में शामिल है।

रोहड़ू

जिला कल्याण विभाग की शिकायत के बाद दर्ज हुआ मामला

शिमला जिले के तहत ग्राम पंचायत तांगणू-जांलिख में वृद्धावस्था पेंशन योजना से जुड़े रिकॉर्ड की जांच के दौरान कथित अनियमितताओं का मामला सामने आया है। जिला कल्याण अधिकारी कपिल शर्मा की ओर से पुलिस थाना चिड़गांव में 44 लोगों के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई गई है, जिसके बाद पुलिस ने मामले की औपचारिक जांच शुरू कर दी है। विभागीय स्तर पर प्राप्त शिकायतों में कहा गया था कि सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना के तहत कुछ लोगों द्वारा गलत दस्तावेज और भ्रामक जानकारी प्रस्तुत कर लाभ लेने का प्रयास किया गया। शिकायत सामने आने के बाद जिला कल्याण विभाग ने संबंधित रिकॉर्ड और दस्तावेजों की जांच प्रक्रिया शुरू की।

प्रारंभिक जांच में कई दस्तावेज पाए गए संदिग्ध

विभागीय जांच के दौरान कई दस्तावेजों में विसंगतियां पाए जाने की जानकारी सामने आई है। प्रारंभिक स्तर पर कुछ रिकॉर्ड संदिग्ध पाए जाने के बाद विभाग ने विस्तृत जांच के लिए मामला पुलिस को सौंप दिया। पुलिस थाना चिड़गांव की टीम अब आयु प्रमाण पत्र, पहचान पत्र, पेंशन आवेदन रिकॉर्ड और अन्य दस्तावेजों की सत्यता की जांच कर रही है। अधिकारियों के अनुसार जांच के दौरान यह भी देखा जा रहा है कि आवेदन प्रक्रिया में प्रस्तुत जानकारी निर्धारित मानकों और पात्रता शर्तों के अनुरूप थी या नहीं।

पंचायत स्तर की प्रक्रिया भी जांच के दायरे में शामिल

मामले में पंचायत स्तर पर दस्तावेजों के सत्यापन और अग्रेषण प्रक्रिया की भी जांच की जा रही है। विभागीय सूत्रों के अनुसार तत्कालीन पंचायत सचिव की भूमिका भी जांच के दायरे में आई है। आरोप है कि दस्तावेजों के सत्यापन के दौरान आवश्यक सावधानी नहीं बरती गई। यदि जांच में यह स्पष्ट होता है कि नियमों की अनदेखी की गई या गलत दस्तावेजों को जानबूझकर आगे भेजा गया, तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के साथ कानूनी प्रक्रिया भी अपनाई जा सकती है।

सरकारी योजनाओं में पात्रता और पारदर्शिता पर विभाग का जोर

जिला कल्याण विभाग ने कहा है कि सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ केवल पात्र लाभार्थियों तक पहुंचाना प्राथमिकता है। विभाग और पुलिस संयुक्त रूप से मामले से जुड़े सभी रिकॉर्ड की जांच कर रहे हैं और जांच रिपोर्ट के आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि सरकारी योजनाओं में गलत तरीके से लाभ लेने के मामलों में नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

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