सरकार गांव के द्वार / ग्रामीणों के सुझावों से बजट में बनेंगी योजनाएं, टिक्कर-जरोल-गाहन सड़क के लिए 36 करोड़ मंजूर
रामपुर विधानसभा क्षेत्र के पाट गांव में आयोजित होने वाले ‘सरकार गांव के द्वार’ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ग्रामीणों से सीधे संवाद करेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस दौरान लोगों की समस्याएं सुनने के साथ उनके सुझाव भी लिए जाएंगे और इनके आधार पर आवश्यक योजनाओं को बजट में शामिल किया जाएगा। उन्होंने ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और गांवों तक विकास का लाभ पहुंचाने को सरकार की प्राथमिकता बताया। इस दौरान उन्होंने टिक्कर-जरोल-गाहन सड़क के लिए स्वीकृत 36 करोड़ रुपये का उल्लेख करते हुए निर्माण कार्य में गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
रामपुर
पाट गांव में ग्रामीणों से सीधे संवाद करेंगे मुख्यमंत्री
रामपुर में जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने कहा कि वह रामपुर विधानसभा क्षेत्र के पाट गांव में आयोजित ‘सरकार गांव के द्वार’ कार्यक्रम में शामिल होंगे। यहां ग्रामीणों से सीधे बातचीत कर उनकी समस्याएं और सुझाव जानेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि लोगों की जरूरतों के आधार पर सामने आने वाली आवश्यक योजनाओं को आगामी बजट में शामिल किया जाएगा।
गांवों की जरूरतों के अनुरूप योजनाएं बनाने पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में कांग्रेस सरकार बनने के बाद सभी क्षेत्रों के समान और संतुलित विकास की दिशा में काम किया जा रहा है। सरकार का लक्ष्य ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों की आय बढ़ाने के साथ पैसा सीधे गांवों की अर्थव्यवस्था तक पहुंचाना है। इसी उद्देश्य से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
टिक्कर-जरोल-गाहन सड़क के लिए 36 करोड़ रुपये स्वीकृत
मुख्यमंत्री ने क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों का उल्लेख करते हुए कहा कि टिक्कर-जरोल-गाहन सड़क के निर्माण के लिए राज्य सरकार ने 36 करोड़ रुपये स्वीकृत किए हैं। सड़क बनने से क्षेत्र के सेब बागवानों को अपनी उपज मंडियों तक पहुंचाने में सुविधा मिलेगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सड़क निर्माण में गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाए।
किसानों-बागवानों की आय बढ़ाने पर सरकार का फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार किसानों, बागवानों और पशुपालकों की आर्थिक स्थिति मजबूत करने के लिए लगातार कदम उठा रही है। प्रदेश में सरकार बनने के समय दूध का खरीद मूल्य 32 रुपये प्रति लीटर था, जिसे अब लगभग दोगुना किया गया है। उन्होंने मंडी मध्यस्थता योजना के तहत सेब के खरीद मूल्य को 12 रुपये से बढ़ाकर 13 रुपये प्रति किलो किए जाने का भी उल्लेख किया।
मुख्यमंत्री ने क्षेत्र में किए गए विभिन्न उद्घाटनों और शिलान्यासों के लिए क्षेत्रवासियों को बधाई दी। इससे पहले रामपुर पहुंचने पर उनका स्वागत किया गया। इस अवसर पर स्थानीय विधायक नंदलाल, मिल्कफेड के चेयरमैन बुद्धि सिंह ठाकुर, हिमकोन के चेयरमैन विकेश चौहान, हिमाचल प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष नरदेव सिंह कंवर, पूर्व विधायक किशोरीलाल, उपायुक्त अनुभव कश्यप और पुलिस अधीक्षक गौरव सिंह सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।