सतलुज नदी किनारे मिला लापता युवक का शव, पुलिस ने शुरू की जांच
Himachalnow / शिमला
शिमला के थाना सुन्नी क्षेत्र के घरयाणा के पास सतलुज नदी किनारे चार माह से लापता युवक का शव बरामद किया गया है। पुलिस के अनुसार शव 13 अप्रैल को नदी किनारे झाड़ियों में फंसा मिला था, जिसकी पहचान 14 अप्रैल को परिजनों ने दुर्गेश उर्फ काकू के रूप में की। प्रारंभिक जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मृत्यु का कारण पानी में डूबना पाया गया है और मामले की आगे की जांच जारी है।
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सतलुज किनारे शव की बरामदगी
जिला शिमला के थाना सुन्नी क्षेत्र के अंतर्गत घरयाणा के पास सतलुज नदी किनारे एक युवक का शव झाड़ियों और पेड़ों के बीच फंसा हुआ बरामद किया गया। यह शव 13 अप्रैल को तत्तापानी क्षेत्र के एक राफ्टिंग ऑपरेटर द्वारा देखे जाने के बाद पुलिस को सूचित किया गया, जिसके बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों की मदद से शव को सुरक्षित बाहर निकाला गया।
लापता युवक की पहचान और शिनाख्त प्रक्रिया
पुलिस जांच में मृतक की पहचान दुर्गेश उर्फ काकू निवासी हिमरी के रूप में हुई है, जो 21 दिसंबर 2025 से लापता था। शव काफी समय पुराना होने के कारण प्रारंभिक शिनाख्त में कठिनाई आई, जिसके बाद 14 अप्रैल को परिजनों ने कपड़ों, जूतों और अन्य व्यक्तिगत पहचान के आधार पर शव की पुष्टि की।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट और प्रारंभिक आकलन
पुलिस के अनुसार पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मृत्यु का कारण पानी में डूबना पाया गया है। प्रारंभिक जांच में यह संभावना जताई जा रही है कि सुन्नी–तत्तापानी मार्ग पर क्षतिग्रस्त सड़क और घने पेड़ों के कारण फिसलन की स्थिति बनी होगी, जिससे यह हादसा हुआ हो सकता है। हालांकि पुलिस सभी संभावित पहलुओं की जांच कर रही है।
पुलिस कार्रवाई और आगे की जांच प्रक्रिया
मामले में पुलिस ने बीएनएस धारा 194 के तहत कार्रवाई करते हुए आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की और पोस्टमार्टम के बाद शव को परिजनों को सौंप दिया गया है। पुलिस का कहना है कि मामले की आगे की जांच जारी है और सभी तथ्यों को ध्यान में रखते हुए विस्तृत जांच की जा रही है।