श्रीरेणुकाजी /टाइगर जोड़े के स्वागत को तैयार श्री रेणुका जी मिनी जू , नवरात्रि में पहुंचने की उम्मीद
श्रीरेणुकाजी मिनी जू में नागपुर से लाए गए नर और मादा टाइगर को देखने के लिए पर्यटकों एवं श्रद्धालुओं को करीब एक सप्ताह और इंतजार करना पड़ेगा। वन्य प्राणी विभाग ने पहले दोनों टाइगर को 2 अक्टूबर को खुले बाड़े में छोड़ने की तैयारी की थी, लेकिन स्थानीय वातावरण में पूरी तरह नहीं ढलने के कारण अब नवरात्रि तक यह प्रक्रिया शुरू होने की उम्मीद है।
नाहन/श्रीरेणुकाजी
जिला सिरमौर के श्रीरेणुकाजी मिनी जू में करीब 12 वर्ष बाद टाइगर का जोड़ा लाया गया है। वन्य प्राणी विभाग की टीम 20 सितंबर को नागपुर जिले के गोरेवाड़ा वन्य प्राणी जू से पांच वर्ष के नर और तीन वर्ष की मादा टाइगर को लेकर श्रीरेणुकाजी पहुंची थी। विभाग की शिमला टीम ने लगातार 41 घंटे में करीब 1900 किलोमीटर का सफर तय कर दोनों को सुरक्षित मिनी जू तक पहुंचाया था।
स्थानीय वातावरण में ढलने के लिए दिया अतिरिक्त समय
वन्य प्राणी विभाग के अनुसार दोनों टाइगर अभी स्थानीय वातावरण के पूरी तरह अनुकूल नहीं हुए हैं। इसी कारण उन्हें कुछ और दिनों तक इंडोर वार्ड में रखा जा रहा है। पशु चिकित्सकों की टीम नर और मादा टाइगर के स्वास्थ्य की नियमित जांच करने के साथ उनकी गतिविधियों पर लगातार निगरानी रख रही है। दोनों टाइगर स्वस्थ हैं और विभाग उनकी देखभाल में निर्धारित सावधानियां बरत रहा है।
वन्य प्राणी विभाग श्रीरेणुकाजी के वन परिक्षेत्र अधिकारी राकेश कुमार ने बताया कि टाइगर जोड़े को स्थानीय माहौल में ढलने के लिए करीब एक सप्ताह का अतिरिक्त समय दिया जा रहा है। नवरात्रि तक उन्हें खुले बाड़े में छोड़ने की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है। इसके बाद पर्यटकों और श्रद्धालुओं को श्रीरेणुकाजी मिनी जू में इस टाइगर जोड़े के दर्शन होने की उम्मीद है।