राज्य आंदोलनकारियों का सत्याग्रह 12वें दिन भी जारी, धीरेंद्र प्रताप ने सरकार पर साधा निशाना
देहरादून में राज्य आंदोलनकारियों का सत्याग्रह 12वें दिन भी जारी रहा, जहां धीरेंद्र प्रताप ने शहीद स्मारक पहुंचकर आंदोलनकारियों को समर्थन दिया। उन्होंने राज्य सरकार से आंदोलनकारी परिवारों के आश्रितों को शीघ्र रोजगार देने की मांग करते हुए उनकी उपेक्षा का आरोप लगाया।
देहरादून
चिन्हित राज्य आंदोलनकारी संयुक्त समिति के केंद्रीय मुख्य संरक्षक धीरेंद्र प्रताप ने रविवार को शहीद स्मारक पहुंचकर पिछले 12 दिनों से सत्याग्रह पर बैठे राज्य आंदोलनकारियों को अपना समर्थन दिया। इस दौरान उन्होंने राज्य सरकार पर आंदोलनकारियों की मांगों की अनदेखी करने का आरोप लगाया।धीरेंद्र प्रताप ने कहा कि राज्य आंदोलनकारियों के आश्रितों को रोजगार देने के मामले में सरकार द्वारा बाधाएं खड़ी की जा रही हैं, जिससे आंदोलनकारियों में भारी आक्रोश है। उन्होंने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से अपील करते हुए कहा कि सरकार बड़ा दिल दिखाए और आंदोलनकारी परिवारों के आश्रितों को शीघ्र रोजगार उपलब्ध कराए, ताकि वर्षों से न्याय की उम्मीद लगाए बैठे परिवारों को राहत मिल सके।
उन्होंने कहा कि यदि सरकार ने आंदोलनकारियों की मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया तो इसका राजनीतिक परिणाम भुगतना पड़ सकता है। उन्होंने दावा किया कि चुनाव निकट हैं और आंदोलनकारियों की अनदेखी सरकार पर भारी पड़ सकती है।उधर, शहीद स्मारक पर राज्य आंदोलनकारियों का क्रमिक अनशन और सत्याग्रह 12वें दिन भी जारी रहा। आंदोलन में अंबुज शर्मा, नवीन नैथानी, सागर सरदार, अमरीक सिंह, महेश जोशी, ललित भद्री, विपुल नौटियाल, विशंभर, जानकी प्रसाद, सावित्री नेगी, हरिकृष्ण भट्ट सहित अन्य आंदोलनकारी डटे रहे।