ऊना जिले में ड्रोन या यूएवी उड़ाने से पहले अब पंजीकरण जरूरी, नियम तोड़े तो होगी कार्रवाई
ऊना/वीरेंद्र बन्याल
सुरक्षा और जनहित के मद्देनजर जिला प्रशासन ने जारी किए सख्त निर्देश
ड्रोन संचालन पर नियंत्रण के लिए अनिवार्य पंजीकरण
ऊना जिले में अब ड्रोन या मानव रहित हवाई वाहन (यूएवी) उड़ाने से पहले पंजीकरण कराना जरूरी होगा। यह आदेश जिला दंडाधिकारी जतिन लाल ने आपदा प्रबंधन अधिनियम 2005 की धारा 33 और 34 के तहत जारी किए हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह कदम सुरक्षा और सार्वजनिक हित को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है।
सात दिन में करवाना होगा पंजीकरण
जिन लोगों, संस्थाओं या एजेंसियों के पास पहले से ड्रोन हैं, उन्हें आगामी सात दिनों के भीतर संबंधित पुलिस थाने में पंजीकरण कराना होगा। भविष्य में खरीदे जाने वाले ड्रोन भी खरीद की तारीख से सात दिन के भीतर पंजीकृत करवाने होंगे।
पंजीकरण के लिए आवश्यक जानकारियां
पंजीकरण के समय ड्रोन का मॉडल, सीरियल नंबर (यदि हो), उड़ान क्षमता, उपयोग का उद्देश्य (जैसे कृषि, निगरानी, फोटोग्राफी या आपातकालीन सेवाएं), ऑपरेटर का नाम, पता व संपर्क नंबर और रिमोट पायलट लाइसेंस की प्रति (यदि लागू हो) देना अनिवार्य रहेगा।
थानों में बनेगा पंजीकरण रजिस्टर, रिपोर्ट भेजने के निर्देश
डिप्टी कमिश्नर ने सभी थाना प्रभारियों को ड्रोन पंजीकरण के लिए अलग से रजिस्टर बनाने को कहा है। साथ ही पुलिस अधीक्षक ऊना को समय-समय पर रिपोर्ट भेजने के निर्देश भी दिए गए हैं। नियमों की अनदेखी करने वालों पर आपदा प्रबंधन अधिनियम और अन्य कानूनों के तहत कार्रवाई की जाएगी।