नाहन नगर परिषद चुनाव: वार्ड नंबर-1 में बदलाव की आहट, मोंटी की एंट्री से बढ़ा सियासी पारा, कड़े मुकाबले के संकेत
हिमाचल नाऊ न्यूज़ नाहन
नाहन नगर परिषद चुनावों को लेकर सियासी हलचल तेज हो चुकी है और वार्ड नंबर-1 इस बार शहर की सबसे हॉट सीट बनकर उभर रहा है। वर्षों से एक ही राजनीतिक धड़े का कब्जा रहने के बावजूद विकास के मुद्दों पर उठ रहे सवालों ने इस सीट को खास बना दिया है।
वार्ड में सफाई व्यवस्था, पार्किंग की कमी और राम कुंडी क्षेत्र की बदहाल गलियों-सड़कों को लेकर मतदाताओं में नाराजगी साफ झलक रही है। ऐसे में इस बार वोटर “काम के आधार” पर फैसला लेने के मूड में दिखाई दे रहे हैं।
इसी बीच कांग्रेस से जुड़े कपिल गर्ग उर्फ मोंटी की संभावित एंट्री ने मुकाबले को दिलचस्प बना दिया है। शहर में यह चर्चा जोरों पर है कि अगर मोंटी वार्ड नंबर-1 से चुनाव लड़ते हैं, तो यहां कड़ा मुकाबला देखने को मिलेगा।
मोंटी की पहचान एक सक्रिय और काम करने वाले पार्षद के रूप में रही है। वार्ड नंबर-8 में अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने विपरीत परिस्थितियों के बावजूद कई विकास कार्य करवाए, जिससे उनकी पकड़ मजबूत बनी हुई है। यही वजह है कि वार्ड नंबर-1 में भी उनकी एंट्री को लेकर मतदाताओं में उत्साह देखा जा रहा है।
वहीं दूसरी ओर, भाजपा खेमे से पूर्व पार्षद श्याम पुंडीर का नाम एक बार फिर चर्चा में है। श्याम पुंडीर को जहां एक ओर बिरादरी का मजबूत समर्थन मिलने की संभावना है, वहीं उनकी छवि भी एक साफ-सुथरी और ईमानदार नेता की रही है। हालांकि नगर परिषद के पिछले कार्यकाल में अपेक्षित विकास कार्य न होने को लेकर मतदाताओं के बीच सवाल जरूर उठ रहे हैं।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि प्रदेश में कांग्रेस सरकार और नगर परिषद में भाजपा की निष्क्रिय कार्यप्रणाली का असर इस बार चुनाव में देखने को मिल सकता है। हालांकि नाहन जैसे छोटे शहर में व्यक्तिगत छवि, संपर्क और काम ही असली फैक्टर बनते हैं, जिससे मुकाबला पूरी तरह संतुलित और रोचक हो गया है।
बरहाल, वार्ड नंबर-1 में इस बार चुनाव सिर्फ जीत-हार का नहीं, बल्कि भरोसे और प्रदर्शन की असली परीक्षा माना जा रहा है। यहां मुकाबला कड़ा रहने के पूरे आसार हैं और अंतिम फैसला मतदाताओं के मूड पर ही निर्भर करेगा।