Panchayati Raj / सिरमौर की पंचायतों को मिलेंगे 226.22 करोड़ रुपये, नाहन में 546 प्रधान-उपप्रधानों ने ली शपथ
Panchayati Raj : सिरमौर जिले की पंचायती राज संस्थाओं को 16वें वित्त आयोग के तहत आगामी पांच वर्षों में 226.22 करोड़ रुपये की राशि प्राप्त होगी। यह जानकारी उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने नाहन में आयोजित शपथ ग्रहण समारोह के दौरान दी, जहां उन्होंने जिले के 546 नवनिर्वाचित प्रधानों और उपप्रधानों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई।
सिरमौर/नाहन
नाहन चौगान में आयोजित समारोह में उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने जिले के सभी 273 प्रधानों और 273 उपप्रधानों को विधिवत शपथ दिलाई। उन्होंने कहा कि पंचायती राज संस्थाएं लोकतंत्र की मूल इकाइयां हैं और ग्रामीण क्षेत्रों के सर्वांगीण विकास में इनके निर्वाचित प्रतिनिधियों की महत्वपूर्ण भूमिका रहती है। जनता अपने प्रतिनिधियों को विश्वास और अपेक्षाओं के साथ चुनती है, इसलिए जनप्रतिनिधियों को पूरी निष्ठा और पारदर्शिता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करना चाहिए।
पांच वर्षों में मिलेगी 226.22 करोड़ रुपये की राशि
उद्योग मंत्री ने बताया कि 16वें वित्त आयोग के तहत वित्त वर्ष 2026-27 सहित आगामी पांच वर्षों में सिरमौर जिले की पंचायती राज संस्थाओं को कुल 226.22 करोड़ रुपये प्राप्त होंगे। इनमें से 36.32 करोड़ रुपये चालू वित्तीय वर्ष में जारी किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि यह राशि पंचायतों के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कार्यों को गति देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
प्रदर्शन अनुदान का भी होगा लाभ
हर्षवर्धन चौहान ने कहा कि 16वें वित्त आयोग के अंतर्गत ग्राम पंचायतों के लिए 374 करोड़ रुपये के प्रदर्शन अनुदान का भी प्रावधान किया गया है। यह अनुदान उन पंचायतों को प्रदान किया जाएगा जो अपनी आय के संसाधनों में प्रति परिवार 1200 रुपये की दर से बढ़ोतरी करने में सफल रहेंगी। उन्होंने पंचायत प्रतिनिधियों से स्थानीय संसाधनों को बढ़ाने और पंचायतों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने की दिशा में कार्य करने का आह्वान किया।
डिजिटल पंचायत और पारदर्शिता पर जोर
उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में पंचायतों में डिजिटल तकनीक का व्यापक उपयोग किया जा रहा है। पंचायतों की विभिन्न सेवाएं ऑनलाइन माध्यम से आम जनता को उपलब्ध करवाई जा रही हैं तथा पंचायत रिकॉर्ड और लेखा-जोखा भी विभिन्न डिजिटल एप्लीकेशनों के माध्यम से संचालित किया जा रहा है। उन्होंने पंचायत प्रतिनिधियों से डिजिटल तकनीक का अधिकतम उपयोग सुनिश्चित करने तथा पंचायत कार्यों में पूर्ण पारदर्शिता बनाए रखने का आग्रह किया।
भ्रष्टाचार पर सख्त रुख, बेहतर कार्य करने वालों को मिलेगा सम्मान
उद्योग मंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार किसी भी स्तर पर भ्रष्टाचार को बर्दाश्त नहीं करेगी। उन्होंने कहा कि उत्कृष्ट कार्य करने वाले पंचायत प्रतिनिधियों को सम्मानित किया जाएगा, जबकि भ्रष्टाचार या अनियमितताओं में संलिप्त पाए जाने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। पंचायत प्रतिनिधियों को जनहित और विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के लिए प्रेरित किया गया।
निर्विरोध पंचायतों को मिलेगा विशेष प्रोत्साहन
उन्होंने बताया कि पंचायत घरों के निर्माण के लिए उपलब्ध करवाई जाने वाली धनराशि को 89 लाख रुपये प्रति पंचायत से बढ़ाकर 1.14 करोड़ रुपये प्रति पंचायत कर दिया गया है। इसके अलावा प्रदेश में पंचायती राज चुनावों के दौरान निर्विरोध निर्वाचित हुई 137 पंचायतों को सरकार की ओर से 25 लाख रुपये प्रति पंचायत की दर से प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाएगी। उन्होंने कहा कि इससे पंचायतों में विकास गतिविधियों को और अधिक बल मिलेगा।