पहले पूछताछ के लिए बुलाया, अब 11 गिरफ्तार: नाहन हिंसा मामले में पुलिस की बड़ी कार्रवाई
वाल्मीकि चौक पर 23 अक्टूबर को हुई झड़प और पथराव मामले में दोनों मोहल्लों के आरोपी शामिल, 28 अक्टूबर को अदालत में पेश होंगे गिरफ्तार लोग
हिमाचल नाऊ न्यूज नाहन
ऐतिहासिक शहर नाहन के वाल्मीकि चौक पर 23 अक्टूबर को दो समुदायों के बीच हुई हिंसक झड़प और पथराव के मामले में सिरमौर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 11 लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए लोगों में वाल्मीकि मोहल्ला और मोहल्ला गोविंदगढ़ के निवासी शामिल हैं। पुलिस ने सभी 11 आरोपियों को 27 अक्टूबर को गिरफ्तार किया। अब उन्हें 28 अक्टूबर को अदालत में पेश किया जाएगा।
गौरतलब है कि हिंसक झड़प के दौरान दोनों पक्षों के कुछ लोगों के साथ पुलिस कर्मी भी घायल हुए थे। इस दौरान सार्वजनिक और निजी संपत्ति को भी नुकसान पहुंचा था। घटना के बाद पुलिस मामले की जांच में जुटी थी। अब तक की जांच के आधार पर पुलिस ने कथित तौर पर घटना में संलिप्त पाए गए 11 लोगों को गिरफ्तार किया है।
दोनों मोहल्लों के निवासी गिरफ्तार
एसपी सिरमौर एनएस नेगी के अनुसार, वाल्मीकि मोहल्ला नाहन निवासी वासु (37), शिवराज (29), विद्यासागर उर्फ राहुल (31), आर्यन (19) और आर्यवीर उर्फ आदि को गिरफ्तार किया गया है। वहीं, मोहल्ला गोविंदगढ़ निवासी प्रकाश सिंह उर्फ बादल (24), कुलविंद्र सिंह उर्फ खोजु (24), सुखविंद्र सिंह उर्फ गप्पू (21), गुरजीत सिंह उर्फ गुज्जू (27), तेजपाल सिंह उर्फ तेजू (19) और सोहन सिंह (21) भी पुलिस की गिरफ्त में हैं।
अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच
पुलिस के अनुसार, मामले में अन्य व्यक्तियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। उपलब्ध साक्ष्यों और तथ्यों के आधार पर आगामी कानूनी कार्रवाई नियमानुसार की जाएगी।
पुलिस की अपील, अफवाहों से बचें..
जिला सिरमौर पुलिस ने आम जनता से शांति, सौहार्द और आपसी भाईचारा बनाए रखने की अपील की है। पुलिस ने लोगों से किसी भी तरह की अफवाह पर विश्वास न करने और अपुष्ट या भड़काऊ सामग्री सोशल मीडिया पर साझा नहीं करने का आग्रह किया है। साथ ही कानून-व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस और प्रशासन का सहयोग करने की अपील की है।
उधर जिला पुलिस कप्तान निश्चिःत सिंह नेगी ने बताया कि जिन लोगों ने सरकारी निजी अथवा धार्मिक स्थान को नुकसान पहुंचा है उनकी शिनाख्त की जाएगी माननीय अदालत से फिलहाल 3 दिन के रिमांड की मांग की जाएगी। नुकसान का बुरा माननीय अदालत के समक्ष रखा जाएगा उसके अनुसार कार्रवाई अदालत के निर्देशानुसार की जाएगी।