बोगधार और बढ़ोल स्कूलों के विद्यार्थियों ने पर्यटन विषय का व्यावहारिक प्रशिक्षण प्राप्त किया
राजगढ़ क्षेत्र के विद्यार्थियों ने पर्यटन एवं हॉस्पिटैलिटी क्षेत्र की बारीकियों को व्यावहारिक रूप से समझा। कार्यशाला में होटल मैनेजमेंट और स्वरोजगार के अवसरों पर भी जानकारी दी गई।
राजगढ़
पर्यटन विषय का प्रशिक्षण
बोगधार और बढ़ोल स्कूलों के विद्यार्थियों ने लिया पर्यटन विषय का व्यावहारिक प्रशिक्षण
पवन तोमर, हिमाचल दस्तक
राजगढ़,
राजगढ़ क्षेत्र के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बोगधार और माध्यमिक पाठशाला बढ़ोल के लगभग पांच दर्जन विद्यार्थियों ने पर्यटन विषय का व्यावहारिक प्रशिक्षण प्राप्त किया। विद्यार्थियों ने मानव हिल रिजोर्ट में आयोजित एक दिवसीय कार्यशाला के दौरान पर्यटन एवं हॉस्पिटैलिटी व्यवसाय की बारीकियों को नजदीक से समझा।
हॉस्पिटैलिटी और होटल मैनेजमेंट की जानकारी
कार्यशाला के दौरान विद्यार्थियों को पारंपरिक कक्षा शिक्षण से अलग हटकर हाउसकीपिंग, कैटरिंग, कुकिंग, स्वच्छता, कैंपिंग और ट्रैकिंग सहित होटल मैनेजमेंट से जुड़े विभिन्न विषयों का प्रायोगिक प्रशिक्षण दिया गया। विद्यार्थियों ने स्वयं कैंपिंग टेंट फिटिंग, कुकिंग, कैटरिंग, साफ-सफाई और हाउसकीपिंग का कार्य कर इस क्षेत्र की व्यावहारिक जानकारी हासिल की।
स्वरोजगार की संभावनाएं
रिजोर्ट के प्रबंध निदेशक मेला राम शर्मा ने लेक्चर सत्र में विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि पर्यटन क्षेत्र में उज्ज्वल भविष्य की अपार संभावनाएं मौजूद हैं। उन्होंने बताया कि हिमाचल प्रदेश का प्राकृतिक सौंदर्य और स्वच्छ वातावरण देश-विदेश के पर्यटकों को आकर्षित करता है, जिससे यहां सालभर पर्यटन गतिविधियां संचालित रहती हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को स्वरोजगार के अवसरों पर भी प्रकाश डालते हुए कहा कि पर्यटन व्यवसाय न केवल बेहतर आय का साधन है, बल्कि यह अन्य लोगों को भी रोजगार प्रदान करने में सक्षम है।
उपस्थित शिक्षक
इस अवसर पर वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बोगधार से व्यवसायिक अध्यापक नवीन शर्मा, टीजीटी अजय शर्मा एवं वंदना उपस्थित रहे, जबकि माध्यमिक पाठशाला बढ़ोल से भाषा अध्यापक प्रदीप शर्मा और जूनियर बेसिक टीचर मीना राणा ने विद्यार्थियों का मार्गदर्शन किया। कार्यशाला को विद्यार्थियों के लिए ज्ञानवर्धक और प्रेरणादायक बताया गया।