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2023-24 का बजट हिमाचल के विकास को पीछे ले जाने वाला बजट है- डॉ. राजीव बिंदल

Ankita 18 Mar 2023 Edited 18 Mar 1 min read

बिंदल बोले- यह बजट चुनावी वायदों की उम्मीदों के पूर्णतया विपरीत बजट था

HNN/ नाहन

हिमाचल के मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सिंह सुक्खू की सरकार का पहला बजट चुनावों के 100 दिन के अन्दर प्रस्तुत किया गया। यह बजट चुनावी वायदों की उम्मीदों के पूर्णतया विपरीत बजट था। यह बात नाहन के पूर्व विधायक डॉ. राजीव बिंदल ने कही।

उन्होंने कहा कि चुनावी वायदों में आशाओं के महल खड़े किए गए, आम जन मानस को स्वप्न लोक के नजारों में पहुंचाया गया और कांग्रेस पार्टी इन सुनहरी वायदों की सीढ़ी पर चढ़ कर सत्ता में आई और आज बजट में क्या मिला जरा आंकलन करेंः-

डॉ. राजीव बिंदल ने कहा कि बजट 53,000 करोड़ रुपए का है जिसमें विकास कार्यों के लिए केवल 100 रुपए में से 29 रुपए ही उपलब्ध है। शेष राशि स्थाई खर्चों पर ही व्यय होंगे। उन्होंने कहा कि सुक्खू सरकार ने वायदा किया था कि 20 लाख महिलाओं को 1500 रुपए प्रतिमाह भत्ता मिलेगा लेकिन बजट में आया 2 लाख महिलाओं को मिलेगा।

उन्होंने कहा कि वायदा किया था 1 लाख नौकरियां प्रतिवर्ष मिलेगी बजट में नौकरियां तो केवल 10 हजार के आस-पास भी प्रावधान नहीं है, स्वरोजगार भी 10 हजार से कम ही बनेंगे। किसान को बहुत कुछ देगे- केन्द्र की मोदी सरकार ने 2023 के बजट में किसान के लिए जो कुछ दिया है उसे भी पूरा लिख देते तो भी ज्यादा होता प्रदेश सरकार की ओर से कुछ भी नहीं।

उन्होंने कहा कि बजट में आउट र्सोस कर्मचारी के लिए कुछ नहीं मिला और करूणामूलक कर्मचारी के लिए कुछ नहीं। उन्होंने कहा कि पर्यटन की योजना एबीडी के माध्यम से पूर्व सरकार द्वारा स्वीकृत है, जिसमें नाहन के 72 करोड़ रुपए शामिल है उसी का वर्णन है कुछ नया नहीं किया।

सीवरेज योजना फ्रांस की सहायता से पूर्व सरकार में स्वीकृत हुई, जिसमें नाहन शामिल है जिसके लिए हमने जी तोड़ मेहनत की और बार-बार मीडिया के माध्यम से भी बताया गया नया कुछ नहीं। उन्होंने कहा कि हिमकेयर योजना में लाखों लोगों का इलाज हो रहा है उसके लिए कितना धन रखा गया है उसका वर्णन बजट में नहीं है।

अटल आदर्श विद्यालय का नाम बदलकर राजीव गान्धी आदर्श विद्यालय रखा है व नाहन का कोलर की जगह कहीं और खोला जाएगा नया कुछ भी नहीं। उन्होंने कहा कि मनरेगा में शहरी मनेरगा का कोई जिक्र नहीं है। उन्होंने कहा कि नाहन के प्रकल्प हमने पहले ही स्वीकृत कराए है जिसमें जमटा से बिरला व सुरला से खैरी व कोलर से हरिपुरखोल तीनों शामिल हैं नया कुछ भी नहीं ये भी केन्द्र की मोदी सरकार की देन है।

कालाअंब की निर्माण हमारी पूर्व सरकार की देन है पूर्ण हो चुका है शुरू करना बाकि है नया कुछ नहीं। मैडिकल कालेज नाहन, हमीरपुर, एवं चम्बा को 100 करोड रुपए देना काफी है। 260 करोड रुपए की लागत से चल रहा काम बंद पडा है। नर्सिंग कालेज की घोषणा माननीय मोदी जी पहले से कर चुके है जिसका सम्पूर्ण पैसा केन्द्र सरकार से आना है उसमें वर्तमान सरकार का कोई योगदान नहीं नया कुछ भी नहीं।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार नया क्या देगें नाहन को बजट में दिखाई नहीं दिया। छोटी सडकों के रख रखाव के लिए उन्हें पक्का करने के लिए कोई प्रावधान नहीं। पेयजल सुधार में केवल और केन्द्र की जल जीवन मिशन योजना जो पहले से ही चल रही है, वह चलेगी नया कुछ भी नहीं।

उन्होंने कहा कि जो संस्थान तहसीलें पटवार सर्कल, पी.एच.सी. सी.एच.सी. वैटनेरी अस्पताल, स्कूल कालेज बंद कर दिए है उन्हें खोलने का कोई जिक्र बजट भाषण में नहीं। (नाबार्ड) से होने वाले कार्यों की धन राशि में कोई बढ़ोतरी नहीं है जबकि पूर्व सरकार में 60 करोड़ रुपए प्रत्येक विधानसभा क्षे़त्र के लिए बढ़ाए गए थे।

इस प्रकार कांग्रेस की सरकार जो सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व में चल रही है, उसके द्वारा प्रस्तुत 2023-24 का बजट हिमाचल प्रदेश के विकास को पीछे ले जाने वाला बजट है। इस बजट में जिला सिरमौर व नाहन विधानसभा क्षेत्र पूरी तरह पिछड़ गया है।