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Accident / इंदौरा में घर और दुकानों पर पलटा बजरी से भरा टिप्पर, संपत्ति को हुआ नुकसान

हिमांचलनाउ डेस्क नाहन II • 1 Hour Ago • 1 Min Read

Accident : इंदौरा उपमंडल के उलेहड़ियां चौक में शनिवार सुबह बजरी से भरा एक टिप्पर अनियंत्रित होकर सड़क किनारे स्थित एक मकान और दुकानों पर पलट गया। दुर्घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई, हालांकि मकान की दीवार सहित आसपास की दुकानों को नुकसान पहुंचा है। घटना के बाद प्रशासन और पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है तथा दुर्घटना के कारणों का पता लगाया जा रहा है।

कांगड़ा

उलेहड़ियां चौक में हुआ सड़क हादसा

कांगड़ा जिले के इंदौरा उपमंडल के अंतर्गत मीलवां-बरोटा सड़क मार्ग पर स्थित उलेहड़ियां गांव के मुख्य चौक में शनिवार सुबह एक सड़क दुर्घटना दर्ज की गई। जानकारी के अनुसार सुबह करीब छह बजे पंजाब नंबर का एक टिप्पर मंड भोगरवां स्थित स्टोन क्रेशर से बजरी लोड कर पंजाब की ओर जा रहा था। जब वाहन उलेहड़ियां चौक के समीप पहुंचा तो चालक वाहन पर नियंत्रण नहीं रख सका और टिप्पर सड़क किनारे स्थित स्थानीय निवासी जोगिंदर सिंह के मकान तथा उससे सटी दुकानों की ओर पलट गया। घटना के समय क्षेत्र में सामान्य गतिविधियां शुरू हो रही थीं। दुर्घटना की सूचना मिलने के बाद स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और संबंधित विभागों को इसकी जानकारी दी गई।

मकान और दुकानों को पहुंचा नुकसान

दुर्घटना के कारण मकान की एक दीवार क्षतिग्रस्त हो गई, जबकि टिप्पर में लदी बजरी घर के आंगन और आसपास के हिस्से में फैल गई। इसके अतिरिक्त समीप स्थित दुकानों के ढांचे और अन्य हिस्सों को भी नुकसान पहुंचा है। प्रारंभिक आकलन के अनुसार संपत्ति को नुकसान हुआ है, हालांकि नुकसान का विस्तृत मूल्यांकन संबंधित विभागों द्वारा किया जाना बाकी है। स्थानीय लोगों के अनुसार घटना के समय कोई व्यक्ति वाहन की चपेट में नहीं आया, जिसके चलते किसी प्रकार की जनहानि या गंभीर चोट की सूचना नहीं है। दुर्घटना के बाद कुछ समय तक मार्ग पर यातायात भी प्रभावित रहा, जिसे बाद में सामान्य किया गया।

चालक की स्थिति और हादसे के कारणों की जांच

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार दुर्घटना के बाद चालक की स्थिति सामान्य नहीं लग रही थी। हालांकि चालक के वाहन पर नियंत्रण खोने के वास्तविक कारणों को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मामले की जांच कर रहे हैं। जांच के दौरान वाहन की तकनीकी स्थिति, सड़क की परिस्थितियां, चालक की कार्य अवधि तथा अन्य संबंधित तथ्यों की भी समीक्षा की जा सकती है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही दुर्घटना के कारणों को लेकर स्पष्ट जानकारी सामने आएगी।

स्थानीय लोगों ने उठाए सड़क सुरक्षा के मुद्दे

घटना के बाद स्थानीय निवासियों ने क्षेत्र में खनन सामग्री ढोने वाले भारी वाहनों की नियमित आवाजाही को लेकर अपनी चिंताएं व्यक्त की हैं। ग्रामीणों का कहना है कि इस मार्ग पर स्टोन क्रेशर और खनन गतिविधियों से जुड़े वाहनों का संचालन लगातार होता है, जिसके कारण सड़क सुरक्षा और यातायात प्रबंधन से जुड़े मुद्दे समय-समय पर सामने आते रहे हैं। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से भारी वाहनों की गति, संचालन समय और सुरक्षा मानकों की निगरानी को और प्रभावी बनाने की मांग की है। उनका कहना है कि निर्धारित नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की संभावना को कम किया जा सके।

एसडीएम ने दिए नियमों के पालन के निर्देश

एसडीएम इंदौरा सुरिंदर ठाकुर ने बताया कि प्रशासन द्वारा पूर्व में जारी आदेशों के अनुसार स्टोन क्रेशर से संबंधित वाहन केवल शाम 8 बजे से सुबह 6 बजे तक ही संचालित किए जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि निर्धारित समय के अतिरिक्त खनन सामग्री से जुड़े वाहन संचालित पाए जाने पर नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि पुलिस और संबंधित विभागों को आदेशों के अनुपालन की निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन के अनुसार यदि कोई खनन सामग्री से भरा वाहन दिन के समय संचालित होता पाया जाता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई करते हुए वाहन को जब्त भी किया जा सकता है। मामले से संबंधित जांच और प्रशासनिक प्रक्रिया जारी है।

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