मुख्यमंत्री सहारा योजना: सिरमौर के 270 लाभार्थियों को 24.30 लाख रुपये की सहायता राशि जारी
मुख्यमंत्री सहारा योजना के तहत सिरमौर जिले के 270 पात्र लाभार्थियों को अप्रैल से जून 2026 तिमाही के लिए 24.30 लाख रुपये की सहायता राशि डीबीटी के माध्यम से जारी की गई है। योजना के तहत गंभीर एवं असाध्य बीमारियों से पीड़ित पात्र व्यक्तियों को प्रतिमाह तीन हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। विभाग ने पात्र लोगों से ई-कल्याण पोर्टल या लोकमित्र केंद्रों के माध्यम से आवेदन करने की अपील की है।
नाहन
जिला सिरमौर में मुख्यमंत्री सहारा योजना के तहत 270 पात्र लाभार्थियों को वित्तीय वर्ष 2026-27 की अप्रैल से जून तिमाही की सहायता राशि जारी कर दी गई है। कुल 24.30 लाख रुपये की राशि सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में डीबीटी (डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर) के माध्यम से भेजी गई है।जिला कल्याण अधिकारी गावा सिंह नेगी ने बताया कि मुख्यमंत्री सहारा योजना का संचालन अब स्वास्थ्य विभाग के स्थान पर सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग द्वारा किया जा रहा है। योजना के तहत गंभीर एवं असाध्य बीमारियों से पीड़ित तथा बीमारी या शारीरिक अक्षमता के कारण कार्य करने में असमर्थ पात्र व्यक्तियों को प्रतिमाह तीन हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है, ताकि उनके उपचार और दैनिक जीवन-यापन में सहयोग मिल सके।
उन्होंने बताया कि योजना का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर और गंभीर बीमारियों से जूझ रहे लोगों को सामाजिक सुरक्षा प्रदान करना है। योजना के तहत कैंसर, किडनी फेलियर, हीमोफीलिया, थैलेसीमिया, पार्किन्सन रोग सहित सरकार द्वारा अधिसूचित अन्य गंभीर एवं असाध्य बीमारियों से पीड़ित तथा शारीरिक रूप से अक्षम पात्र व्यक्ति आवेदन कर सकते हैं।गावा सिंह नेगी ने कहा कि जो पात्र व्यक्ति अभी तक योजना का लाभ नहीं ले रहे हैं, वे सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के ई-कल्याण पोर्टल अथवा लोकमित्र केंद्रों के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
योजना का लाभ लेने के लिए हिमाचली प्रमाण पत्र, आधार कार्ड, परिवार रजिस्टर की नवीनतम नकल, राशन कार्ड, बैंक या डाकघर बचत खाते का विवरण, आयु प्रमाण पत्र, चिकित्सा प्रमाण पत्र, चार लाख रुपये तक की आय का प्रमाण पत्र अथवा बीपीएल प्रमाण पत्र तथा दिव्यांगता प्रमाण पत्र (जहां लागू हो) जमा करना आवश्यक होगा।जिला कल्याण अधिकारी ने बताया कि योजना से संबंधित अधिक जानकारी के लिए जिला एवं तहसील कल्याण अधिकारियों के कार्यालयों से संपर्क किया जा सकता है।