Cyber Crime / सुंदरनगर में पुराने सिक्कों के नाम पर 2.55 करोड़ रुपए का झांसा देकर 7.79 लाख की साइबर ठगी
Cyber Crime : करीब 2.55 करोड़ 80 हजार 900 रुपए दिलाने का दावा कर साइबर ठगों ने सुंदरनगर के एक व्यक्ति से फाइल चार्ज, टैक्स, ईमेल वेरिफिकेशन, प्रोसेसिंग फीस और डिलीवरी चार्ज सहित विभिन्न मदों के नाम पर करीब 7.79 लाख रुपए जमा करवा लिए। बाद में आरोपियों द्वारा 17 लाख रुपए और जमा करने की मांग किए जाने पर पीड़ित को संदेह हुआ, जिसके बाद उसने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
सुंदरनगर
पुराने सिक्कों की खरीद के नाम पर किया गया संपर्क
सुंदरनगर के बारल, तलेली निवासी प्रकाश चंद ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि 14 जुलाई 2026 को उन्होंने इंटरनेट पर पुराने सिक्कों की खरीद-फरोख्त से संबंधित एक वीडियो देखा। वीडियो में दिए गए मोबाइल नंबर पर संपर्क करने के बाद सामने वाले व्यक्ति ने व्हाट्सएप के माध्यम से उनसे पुराने सिक्कों के फोटो और आधार कार्ड की प्रति भेजने को कहा। आवश्यक जानकारी साझा करने के बाद आरोपियों ने दावा किया कि उनके पास मौजूद सिक्कों का मूल्यांकन कर लिया गया है और उनकी कीमत 2 करोड़ 55 लाख 80 हजार 900 रुपए निर्धारित की गई है। इसके साथ ही शिकायतकर्ता को भरोसा दिलाया गया कि निर्धारित प्रक्रिया पूरी होने के बाद यह पूरी राशि उनके बैंक खाते में स्थानांतरित कर दी जाएगी।
विभिन्न शुल्कों के नाम पर लगातार करवाई गई राशि जमा
शिकायत के अनुसार प्रारंभिक विश्वास बनाने के बाद आरोपियों ने भुगतान जारी करने की प्रक्रिया का हवाला देते हुए अलग-अलग चरणों में राशि जमा करवानी शुरू कर दी। शिकायतकर्ता से फाइल चार्ज, टैक्स, ईमेल वेरिफिकेशन, प्रोसेसिंग फीस, डिलीवरी चार्ज तथा अन्य प्रशासनिक शुल्क के नाम पर कई बार भुगतान करने के लिए कहा गया। हर भुगतान के बाद उन्हें आश्वासन दिया जाता रहा कि सभी औपचारिकताएं पूरी होते ही 2.55 करोड़ रुपए से अधिक की राशि उनके खाते में भेज दी जाएगी। इसी भरोसे में शिकायतकर्ता लगातार अलग-अलग माध्यमों से रकम जमा करता रहा।
रिश्तेदारों और मित्र की मदद से जमा किए 7.79 लाख रुपए
शिकायतकर्ता ने बताया कि आरोपियों के निर्देशानुसार उन्होंने अपने रिश्तेदारों और हैदराबाद में रहने वाले एक मित्र की सहायता से अलग-अलग किस्तों में कुल करीब 7.79 लाख रुपए विभिन्न बैंक खातों में जमा करवाए। इसके बाद एक व्यक्ति ने स्वयं को संबंधित कंपनी के प्रबंध निदेशक (एमडी) का पुत्र बताते हुए संपर्क किया और प्रक्रिया पूरी करने के लिए 17 लाख रुपए अतिरिक्त जमा करने की मांग की। लगातार नई-नई धनराशि की मांग किए जाने पर शिकायतकर्ता को संदेह हुआ, जिसके बाद उन्होंने आगे भुगतान नहीं किया और पूरे मामले की जानकारी पुलिस को दी।
जीरो एफआईआर के आधार पर मामला दर्ज, जांच जारी
मामले की शिकायत मिलने के बाद साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन मंडी द्वारा दर्ज की गई जीरो एफआईआर के आधार पर पुलिस थाना सुंदरनगर में संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस उपलब्ध बैंक लेन-देन, मोबाइल नंबर, व्हाट्सएप चैट और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की जांच कर रही है ताकि आरोपियों की पहचान कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा सके। डीएसपी सुंदरनगर भारत भूषण ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि शिकायत के आधार पर जांच जारी है और सभी तथ्यों का सत्यापन किया जा रहा है।