Election / एमएनसी की नौकरी छोड़ राजनीति में उतरीं अंकिता ठाकुर, बनीं जिला परिषद सदस्य
Election : बेंगलुरु की एक बहुराष्ट्रीय कंपनी में सफल करियर छोड़कर अपने गृह क्षेत्र लौटीं अंकिता ठाकुर ने दानाघाटों जिला परिषद वार्ड से जीत दर्ज कर जिला परिषद सदस्य बनने का गौरव हासिल किया है। उच्च शिक्षा, कॉरपोरेट अनुभव और पारिवारिक राजनीतिक पृष्ठभूमि के साथ उन्होंने चुनाव में 3,222 मतों के अंतर से जीत हासिल की। स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि वह नई सोच और आधुनिक दृष्टिकोण के साथ क्षेत्र के विकास से जुड़े मुद्दों को आगे बढ़ाएंगी।
नाहन
जिला सिरमौर की नवनिर्वाचित जिला परिषद में इस बार कई नए और शिक्षित चेहरे शामिल हुए हैं। इनमें श्रीरेणुकाजी विधानसभा क्षेत्र के दानाघाटों जिला परिषद वार्ड से निर्वाचित अंकिता ठाकुर विशेष चर्चा में हैं। बेंगलुरु की एक बहुराष्ट्रीय कंपनी में सफल करियर छोड़कर अपने गृह क्षेत्र लौटीं अंकिता ने पहली ही राजनीतिक परीक्षा में जीत दर्ज कर जिला परिषद सदस्य बनने का गौरव हासिल किया है।37 वर्षीय अंकिता ठाकुर ने जेपी विश्वविद्यालय वाकनाघाट से कंप्यूटर साइंस में बीटेक तथा चंडीगढ़ विश्वविद्यालय से सूचना प्रौद्योगिकी में एमबीए की डिग्री प्राप्त की है। उच्च शिक्षा हासिल करने के बाद उन्होंने करीब एक दशक तक बेंगलुरु स्थित बहुराष्ट्रीय कंपनी में सेवाएं दीं। कुछ समय पहले ही वह नौकरी छोड़कर अपने क्षेत्र लौटी थीं।
दानाघाटों जिला परिषद वार्ड महिला (सामान्य) के लिए आरक्षित होने पर भाजपा ने अंकिता ठाकुर को उम्मीदवार बनाया। चुनाव में उन्होंने शानदार प्रदर्शन करते हुए 10,939 मत प्राप्त किए और कांग्रेस प्रत्याशी राधा देवी को 3,222 मतों के अंतर से पराजित किया। राधा देवी को 7,717 मत मिले।अंकिता ठाकुर का परिवार लंबे समय से क्षेत्रीय राजनीति से जुड़ा रहा है। उनके दादा सहीराम ठाकुर पंचायत समिति संगड़ाह के अध्यक्ष रह चुके हैं। वहीं उनके पिता बलबीर सिंह ठाकुर भारतीय जनता पार्टी की प्रदेश कार्यकारिणी के सदस्य हैं। परिवार की राजनीतिक सक्रियता और क्षेत्र में मजबूत जनसंपर्क का लाभ भी उन्हें चुनाव में मिला।
राजनीतिक दृष्टि से भी यह जीत महत्वपूर्ण मानी जा रही है। श्रीरेणुकाजी विधानसभा क्षेत्र लंबे समय से कांग्रेस का गढ़ माना जाता रहा है और यहां से अधिकांश जनप्रतिनिधि कांग्रेस से ही चुनकर आते रहे हैं। ऐसे में इस बार तीनों जिला परिषद वार्डों में भाजपा समर्थित उम्मीदवारों की जीत को क्षेत्र की राजनीति में महत्वपूर्ण बदलाव के रूप में देखा जा रहा है।स्थानीय लोगों का मानना है कि उच्च शिक्षित और कॉरपोरेट क्षेत्र का अनुभव रखने वाली अंकिता ठाकुर से क्षेत्र के विकास और नई सोच के साथ जनहित के मुद्दों को आगे बढ़ाने की अपेक्षाएं बढ़ गई हैं।