सरकारी कर्मचारियों को डाक जीवन बीमा में ओडीई के रूप में जुड़ने का अवसर
डाक विभाग ने डाक जीवन बीमा (पीएलआई) और ग्रामीण डाक जीवन बीमा (आरपीएलआई) का दायरा बढ़ाने के लिए सरकारी कर्मचारियों को ‘अन्य विभागीय कर्मचारी’ यानी ओडीई के रूप में जुड़ने का अवसर दिया है। पात्र कर्मचारी कार्यालय समय के बाद स्वैच्छिक रूप से पीएलआई और आरपीएलआई व्यवसाय के लिए काम कर सकेंगे। उन्हें निर्धारित नियमों के अनुसार नए व्यवसाय और नवीनीकरण पर प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।
ऊना/वीरेंद्र बन्याल
डाकघर ऊना मंडल के अधीक्षक बलबीर चंद ने बताया कि डाक जीवन बीमा योजना 1 फरवरी, 1884 से संचालित हो रही है और यह देश की विश्वसनीय सरकारी बीमा योजनाओं में शामिल है। नई व्यवस्था के तहत केंद्र और राज्य सरकार के पात्र कर्मचारियों को पीएलआई तथा आरपीएलआई के बिक्री बल से जोड़ा जाएगा। इसके माध्यम से डाक विभाग का उद्देश्य दोनों बीमा योजनाओं की पहुंच को अधिक व्यापक बनाना है।
पे लेवल-8 तक के कर्मचारी होंगे पात्र
केंद्र या राज्य सरकार का ऐसा कार्यरत कर्मचारी, जो पे मैट्रिक्स में पे लेवल-8 तक के पद पर तैनात है, ओडीई बनने के लिए पात्र होगा। इच्छुक कर्मचारी को अपने मूल विभाग से अनापत्ति प्रमाण पत्र लेना होगा। ओडीई के रूप में कार्य पूरी तरह स्वैच्छिक रहेगा और इसे नियमित कार्यालय समय के बाद किया जाएगा। पात्र ओडीई को निर्धारित दरों के अनुसार नए व्यवसाय की खरीद और पॉलिसी नवीनीकरण पर प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाएगी।
पीएलआई और आरपीएलआई से संबंधित प्रस्ताव संबंधित डाक मंडल के विकास अधिकारी के माध्यम से प्रस्तुत किए जाएंगे। अधीक्षक बलबीर चंद के अनुसार ओडीई के रूप में कार्य करने के इच्छुक पात्र सरकारी कर्मचारी निर्धारित प्रारूप में आवेदन कर सकते हैं। आवेदन संबंधित कार्यालय के माध्यम से 31 अगस्त तक जमा करवाना होगा। इसके लिए कर्मचारी का निर्धारित पात्रता शर्तों को पूरा करना और मूल विभाग से अनापत्ति प्रमाण पत्र प्राप्त करना आवश्यक है।
