मानसून तैयारियों की समीक्षा, प्रत्येक पंचायत में आपदा मित्रों को प्रशिक्षण देने पर जोर
मानसून तैयारियों और विशेष राहत पैकेज की समीक्षा बैठक में हिमाचल प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के उपाध्यक्ष दीपक राठौर ने आपदा प्रबंधन की तैयारियों को मजबूत करने पर बल दिया। बैठक में प्रत्येक ग्राम पंचायत में प्रशिक्षित आपदा मित्र, आधुनिक उपकरणों की उपलब्धता, मोबाइल ऐप और राहत प्रबंधन व्यवस्था की समीक्षा की गई।
सोलन
मानसून तैयारियों और राहत व्यवस्था की समीक्षा
हिमाचल प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के उपाध्यक्ष दीपक राठौर ने सोलन में मानसून तैयारियों एवं विशेष राहत पैकेज को लेकर आयोजित समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने सभी विभागों को निर्देश दिए कि आपदा की स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए आवश्यक संसाधन, मानवबल और उपकरण पूरी तरह तैयार रखें, ताकि किसी भी आपात स्थिति में समय पर राहत एवं बचाव कार्य सुनिश्चित किए जा सकें।
प्रत्येक पंचायत में प्रशिक्षित आपदा मित्र बनाने पर बल
दीपक राठौर ने कहा कि आपदा से होने वाली क्षति को कम करने के लिए स्थानीय स्तर पर प्रशिक्षित लोगों की उपलब्धता महत्वपूर्ण है। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू के निर्देशानुसार प्रदेश की प्रत्येक ग्राम पंचायत में कम से कम पांच व्यक्तियों को आपदा प्रबंधन का प्रशिक्षण देने की व्यवस्था लागू की जा रही है। इन प्रशिक्षित स्वयंसेवकों के माध्यम से आपदा की स्थिति में लोगों की सहायता, राहत कार्यों में समन्वय तथा जीवन एवं संपत्ति की सुरक्षा को बेहतर बनाया जा सकेगा।
आधुनिक उपकरण और मोबाइल ऐप पर भी चर्चा
बैठक में उपाध्यक्ष ने संबंधित अधिकारियों से ऐसे आधुनिक उपकरणों की जानकारी उपलब्ध कराने को कहा, जो राहत एवं बचाव कार्यों को अधिक प्रभावी बना सकें। उन्होंने बताया कि हिमाचल प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण एक मोबाइल ऐप विकसित कर रहा है, जिसके माध्यम से आपदा संबंधी घटनाओं की सूचना तत्काल उपलब्ध हो सकेगी। साथ ही अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि दैनिक क्षति रिपोर्ट नियमित रूप से डीएमआईएस (DMIS) पोर्टल पर अपलोड की जाए।
एनडीआरएफ और स्वयंसेवकों की उपलब्धता की दी जानकारी
बैठक में बताया गया कि सोलन जिले के क्षेत्रीय प्रतिक्रिया केंद्र नालागढ़ में राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) की एक कंपनी तैनात है, जिसमें 100 अधिकारी, जवान और कर्मचारी कार्यरत हैं। इसके अतिरिक्त जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के अंतर्गत 3,877 स्वयंसेवक भी विभिन्न क्षेत्रों में कार्य कर रहे हैं, जिन्हें आवश्यकता पड़ने पर राहत एवं बचाव कार्यों में लगाया जा सकता है।
अधिकारियों ने दिए प्रभावी क्रियान्वयन के आश्वासन
उपायुक्त सोलन मनमोहन शर्मा ने कहा कि बैठक में दिए गए सभी दिशा-निर्देशों का पालन सुनिश्चित किया जाएगा तथा संवेदनशील क्षेत्रों में आवश्यक तैयारियां समय पर पूरी की जाएंगी। अतिरिक्त उपायुक्त दिव्यांशु सिंगल ने मानसून तैयारियों और विशेष राहत पैकेज पर विस्तृत प्रस्तुति दी। अतिरिक्त सचिव राजस्व (आपदा प्रबंधन) सुनील वर्मा ने भी अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। बैठक में हिमाचल प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के एसीएफ विनोद शर्मा सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
