Loading...

Himachal Assembly Session / हिमाचल में प्रोजेक्टों को देना होगा 2% पर्यावरण सेस, जानिए पूरी जानकारी

हिमाचलनाउ डेस्क • 28 Mar 2025 • 1 Min Read

शिमला: हिमाचल प्रदेश सरकार प्रदेश में प्रोजेक्टों पर 2% पर्यावरण उपकर (सेस) लगाने की तैयारी कर रही है। यदि तय समय पर यह उपकर जमा नहीं किया गया, तो संचित राशि पर 1% ब्याज भी चुकाना होगा। सरकार का कहना है कि यह पर्यावरण कोष की स्थापना के लिए लिया जाएगा, जिसे पर्यावरण संरक्षण, राजस्व प्रबंधन और प्रशासनिक सुधारों पर खर्च किया जाएगा।

भू-राजस्व में होगा विशेष मूल्यांकन

सरकार प्रोजेक्ट्स को दी जाने वाली भूमि का विशेष मूल्यांकन करवाएगी और बाजार मूल्य के आधार पर भू-राजस्व निर्धारित करेगी। इस भू-राजस्व पर ही 2% पर्यावरण उपकर लगाया जाएगा

विधानसभा में पेश हुआ भू-राजस्व संशोधन विधेयक 2025

वीरवार को राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी ने ‘भू-राजस्व संशोधन विधेयक 2025’ हिमाचल विधानसभा में पेश किया। शुक्रवार को इसे पारित किए जाने की संभावना है। इस विधेयक के अनुसार, पहले भू-राजस्व में 2% वृद्धि का प्रावधान था, जिसे अब 4% किया जा सकता है

किन प्रोजेक्ट्स पर लागू होगा यह उपकर?

विधानसभा में रखे गए विधेयक में स्पष्ट किया गया है कि बगीचों, रिहायशी भवनों, कृषि, छोटे कॉटेज और धार्मिक स्थलों पर यह अधिनियम लागू नहीं होगा। हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं है कि यह उपकर केवल नए प्रोजेक्ट्स पर लगेगा या पहले से चल रहे प्रोजेक्ट्स पर भी लागू किया जाएगा

सरकार की आय का नया जरिया

सरकार के लिए यह पर्यावरण उपकर राजस्व का एक नया स्रोत होगा। इस उपकर से मिलने वाली राशि को विशेष रूप से पर्यावरण संरक्षण और प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने के लिए उपयोग किया जाएगा