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कॉलेज की पढ़ाई के साथ मिलेगा उद्योग में काम का अनुभव, विद्यार्थियों को न्यूनतम 10,900 रुपये मासिक स्टाइपेंड

हिमांचलनाउ डेस्क नाहन • 5 Hours Ago • 1 Min Read

हिमाचल प्रदेश में अप्रेंटिसशिप एम्बेडेड डिग्री प्रोग्राम के विद्यार्थियों के लिए कम से कम छह महीने की अप्रेंटिसशिप अनिवार्य होगी। इस अवधि में उन्हें उद्योग में काम करने का व्यावहारिक अनुभव मिलने के साथ प्रति माह न्यूनतम 10,900 रुपये का सुनिश्चित स्टाइपेंड भी दिया जाएगा। इस पहल का उद्देश्य कॉलेज की शिक्षा को उद्योग की जरूरतों और रोजगारपरक कौशल से जोड़ना है।

हिमाचल प्रदेश

शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने कहा कि इस व्यवस्था के माध्यम से विद्यार्थियों को केवल शैक्षणिक डिग्री तक सीमित रखने के बजाय रोजगार के लिए जरूरी व्यावहारिक कौशल उपलब्ध करवाए जाएंगे। कार्यस्थल पर सीधे काम करने से उन्हें उद्योग की कार्यप्रणाली और आवश्यकताओं को समझने का अवसर मिलेगा। शैक्षणिक अध्ययन के साथ अप्रेंटिसशिप जुड़ने से विद्यार्थी डिग्री पूरी करने से पहले ही वास्तविक कार्यस्थल का अनुभव हासिल कर सकेंगे।

तीन कार्यक्रमों में 685 विद्यार्थियों ने लिया प्रवेश

AEDP के तहत विद्यार्थी बैंकिंग, वित्तीय सेवाएं एवं बीमा, रिटेल ऑपरेशंस मैनेजमेंट और लॉजिस्टिक्स जैसे उद्योग-केंद्रित क्षेत्रों से संबंधित डिग्री कार्यक्रमों में पढ़ाई कर रहे हैं। कार्यक्रम के पहले वर्ष में प्रदेश के 16 राजकीय महाविद्यालयों में कुल 685 विद्यार्थियों ने तीन AEDP कार्यक्रमों में प्रवेश लिया है। सरकार के अनुसार अप्रेंटिसशिप के दौरान मिलने वाला स्टाइपेंड विद्यार्थियों को आर्थिक सहायता देने के साथ व्यावसायिक दुनिया से जुड़ने का अवसर भी प्रदान करेगा।

शिक्षा मंत्री के मुताबिक इस पहल से ग्रामीण क्षेत्रों और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों से आने वाले विद्यार्थियों को विशेष लाभ मिलने की उम्मीद है। विद्यार्थी पढ़ाई के दौरान उद्योग से संबंधित कौशल विकसित कर सकेंगे और कार्यस्थल का अनुभव प्राप्त कर भविष्य में रोजगार की संभावनाएं बेहतर कर पाएंगे। कार्यक्रम में शिक्षा और व्यावहारिक प्रशिक्षण को साथ जोड़कर विद्यार्थियों को उद्योग की अपेक्षाओं के अनुरूप तैयार करने का प्रयास किया गया है।

उच्च शिक्षा विभाग ने किया समझौता

विद्यार्थियों के लिए अप्रेंटिसशिप के अवसर उपलब्ध करवाने और उद्योगों के साथ संपर्क मजबूत करने के उद्देश्य से उच्च शिक्षा विभाग ने बोर्ड ऑफ अप्रेंटिसशिप ट्रेनिंग, उत्तरी क्षेत्र, कानपुर के साथ समझौता किया है। इस समझौते के माध्यम से विद्यार्थियों के प्रशिक्षण और प्लेसमेंट सहायता को मजबूत करने का प्रयास किया जाएगा। विभाग का उद्देश्य कॉलेज में होने वाली पढ़ाई और उद्योग में मिलने वाले अनुभव के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना है।

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