एचपीयू के 57वें स्थापना दिवस पर सीएम सुक्खू ने डिजिटल लाइब्रेरी का उद्घाटन किया, छात्र संगठनों ने सौंपे ज्ञापन
हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के 57वें स्थापना दिवस पर मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने डिजिटल लाइब्रेरी का उद्घाटन करते हुए विभिन्न विकास परियोजनाओं की आधारशिला रखी। समारोह के दौरान एसएफआई और गैर शिक्षण कर्मचारियों ने भी अपनी विभिन्न मांगों से संबंधित ज्ञापन मुख्यमंत्री को सौंपे।
शिमला
डिजिटल लाइब्रेरी का उद्घाटन, विकास परियोजनाओं की रखी आधारशिला
हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय (एचपीयू) के 57वें स्थापना दिवस समारोह के अवसर पर मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने विश्वविद्यालय परिसर में अत्याधुनिक डिजिटल लाइब्रेरी का उद्घाटन किया। इस दौरान उन्होंने विश्वविद्यालय की विभिन्न विकास परियोजनाओं की आधारशिला भी रखी। मुख्यमंत्री ने कहा कि उच्च शिक्षा संस्थानों को समय की आवश्यकताओं के अनुरूप आधुनिक तकनीक से जोड़ना आवश्यक है, ताकि विद्यार्थियों और शोधार्थियों को बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार उच्च शिक्षा के क्षेत्र में आधारभूत ढांचे और तकनीकी संसाधनों को सुदृढ़ करने की दिशा में कार्य कर रही है।
विद्यार्थियों और शोधार्थियों को मिलेंगी आधुनिक अध्ययन सुविधाएं
मुख्यमंत्री ने कहा कि डिजिटल लाइब्रेरी के संचालन से विद्यार्थियों, शोधार्थियों और शिक्षकों को ऑनलाइन अध्ययन सामग्री, ई-जर्नल, शोध पत्र और अन्य डिजिटल संसाधनों तक बेहतर पहुंच मिलेगी। विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार यह सुविधा अध्ययन और शोध कार्यों को अधिक प्रभावी बनाने में सहायक होगी। समारोह में विश्वविद्यालय की उपलब्धियों, भविष्य की योजनाओं तथा शिक्षा क्षेत्र में तकनीकी संसाधनों के विस्तार पर भी जानकारी साझा की गई। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में विद्यार्थी, पूर्व छात्र, शिक्षक, शोधार्थी और विभिन्न क्षेत्रों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
विभिन्न जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने की कार्यक्रम में भागीदारी
स्थापना दिवस समारोह में शिमला शहरी के विधायक हरीश जनारथा, उपायुक्त शिमला अनुपम कश्यप, हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. महावीर सिंह सहित विश्वविद्यालय के अधिकारी, शिक्षक, कर्मचारी और अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान परिसर में सुरक्षा और व्यवस्थाओं के लिए आवश्यक प्रबंध भी किए गए थे।
एसएफआई ने छात्र हितों से जुड़े मुद्दों पर सौंपा ज्ञापन
समारोह के दौरान स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपकर विश्वविद्यालय में कथित अवैध शिक्षक नियुक्तियों की जांच, छात्र संघ चुनाव बहाल करने और लंबित छात्र मांगों के समाधान की मांग की। संगठन ने रिक्त शिक्षकीय पदों को भरने, छात्रावास और पुस्तकालय सुविधाओं का विस्तार करने तथा शिक्षा व्यवस्था से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर आवश्यक कार्रवाई करने का आग्रह भी किया।
गैर शिक्षण कर्मचारियों ने रखीं सेवा संबंधी मांगें
विश्वविद्यालय के गैर शिक्षण कर्मचारियों ने भी मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपते हुए रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया तेज करने, लंबित एरियर का भुगतान और सेवा संबंधी मामलों का समयबद्ध निपटारा करने की मांग रखी। कर्मचारियों ने कहा कि रिक्त पदों के कारण प्रशासनिक कार्यों पर प्रभाव पड़ रहा है तथा उपलब्ध कर्मचारियों पर अतिरिक्त कार्यभार बढ़ा है। उन्होंने इन विषयों पर आवश्यक प्रशासनिक कार्रवाई का अनुरोध किया।