कर्मचारियों की आवाज रहे जगत सिंह नेगी अब संभालेंगे सुंगरा के विकास की कमान!
Himachalnow / किन्नौर
जिला किन्नौर की ग्राम पंचायत सुंगरा में इस बार प्रधान पद का चुनाव बेहद दिलचस्प होता नजर आ रहा है। भाजपा समर्थित उम्मीदवार और पूर्व कर्मचारी नेता जगत सिंह नेगी की दावेदारी ने चुनावी मुकाबले को नई दिशा दे दी है। कर्मचारियों की आवाज बुलंद करने वाले नेता के रूप में पहचान बना चुके जगत सिंह नेगी अब सेवानिवृत्ति के बाद अपनी पंचायत और पूरे किन्नौर की सेवा के संकल्प के साथ चुनाव मैदान में उतरे हैं।
सुंगरा
सरकारी सेवाकाल के दौरान जगत सिंह नेगी कर्मचारियों से जुड़े मुद्दों को मजबूती से उठाने के लिए जाने जाते रहे हैं। विभिन्न वर्गों के employees के हितों को लेकर उन्होंने लगातार आवाज उठाई और कई मंचों पर उनकी समस्याओं को प्रमुखता से रखा। यही कारण है कि आज भी कर्मचारियों और आम लोगों के बीच उनकी विश्वसनीयता और पकड़ मजबूत मानी जाती है।
सामाजिक और सांस्कृतिक गतिविधियों में भी रही सक्रिय भागीदारी
स्थानीय लोगों का कहना है कि जगत सिंह नेगी केवल राजनीतिक चेहरे के रूप में नहीं, बल्कि सामाजिक और सांस्कृतिक सोच वाले व्यक्ति के रूप में भी पहचान रखते हैं। किन्नौर की धार्मिक परंपराओं, सांस्कृतिक आयोजनों और सामाजिक गतिविधियों में उनकी सक्रिय भागीदारी लंबे समय से रही है। क्षेत्र के लोग उन्हें जमीन से जुड़ा और सहज स्वभाव का व्यक्ति मानते हैं।
“विकसित सुंगरा” विजन के साथ मैदान में उतरे जगत सिंह नेगी
अपने प्रचार अभियान में जगत सिंह नेगी पंचायत के समग्र विकास, पारदर्शी प्रशासन, गांवों में मूलभूत सुविधाओं के विस्तार, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने, युवाओं और महिलाओं को आगे बढ़ाने तथा किसानों के हितों को प्राथमिकता देने जैसे मुद्दों को प्रमुखता से उठा रहे हैं। “विकसित सुंगरा” का विजन लेकर चल रहा उनका चुनाव अभियान लगातार चर्चा में बना हुआ है।
चुनावी माहौल के बीच सुंगरा पंचायत में जगत सिंह नेगी को लेकर सकारात्मक वातावरण देखने को मिल रहा है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि कर्मचारी वर्ग में वर्षों तक सक्रिय रहने और सामाजिक सरोकारों से जुड़े रहने का लाभ उन्हें चुनाव में मिल सकता है। वहीं समर्थकों का दावा है कि ईमानदार छवि, अनुभव और जनसेवा का जज्बा ही इस चुनाव में जगत सिंह नेगी की सबसे बड़ी ताकत बनने जा रहा है।