Loading...

जल शक्ति विभाग में पैरा फिटर एवं पैरा पंप ऑपरेटरों के इंडक्शन संबंधी प्रक्रिया शुरू, विभाग ने जारी किए निर्देश

हिमांचलनाउ डेस्क नाहन II • 1 Hour Ago • 1 Min Read

जल शक्ति विभाग ने 31 दिसंबर 2025 तक आठ वर्ष की सेवा पूरी कर चुके पात्र पैरा फिटर और पैरा पंप ऑपरेटरों के इंडक्शन की प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश जारी किए हैं। इस प्रक्रिया के तहत प्रदेश के 121 पात्र कर्मियों को जूनियर टेक्नीशियन पदों पर नियुक्ति का अवसर मिलेगा।

शिमला

इंडक्शन प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश जारी

हिमाचल प्रदेश के जल शक्ति विभाग में कार्यरत पैरा फिटर और पैरा पंप ऑपरेटरों के इंडक्शन से संबंधित प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए विभाग ने औपचारिक निर्देश जारी किए हैं। इंजीनियर-इन-चीफ कार्यालय की ओर से 15 जून 2026 को जारी आदेश में प्रदेश के सभी अधीक्षण अभियंताओं को पात्र कर्मचारियों का विवरण तैयार कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया है। आदेश के अनुसार 31 दिसंबर 2025 तक लगातार आठ वर्ष की नियमित सेवा पूरी कर चुके पैरा कर्मियों को इस प्रक्रिया में शामिल किया जाएगा। विभागीय रिकॉर्ड के मुताबिक प्रदेशभर में 48 पैरा फिटर और 73 पैरा पंप ऑपरेटर सहित कुल 121 कर्मचारी पात्रता की श्रेणी में आते हैं। इन कर्मचारियों की नियुक्ति प्रक्रिया विभाग द्वारा निर्धारित सेवा नियमों और उपलब्ध रिक्त पदों के आधार पर आगे बढ़ाई जाएगी।

आरक्षित पदों के आधार पर होगा इंडक्शन

विभागीय प्रावधानों के अनुसार जूनियर टेक्नीशियन (फिटर) के कुल स्वीकृत पदों में 10 प्रतिशत पद पैरा फिटरों के लिए आरक्षित किए गए हैं, जबकि जूनियर टेक्नीशियन (पंप ऑपरेटर) के पदों में 15 प्रतिशत पद पैरा पंप ऑपरेटरों के लिए निर्धारित हैं। इंडक्शन के लिए केवल वही कर्मचारी पात्र माने जाएंगे जो निर्धारित शैक्षणिक और तकनीकी योग्यता पूरी करते हों। पात्रता के तहत अभ्यर्थी के पास मैट्रिक उत्तीर्ण होने के साथ मान्यता प्राप्त संस्थान से संबंधित ट्रेड में आईटीआई प्रमाणपत्र होना आवश्यक है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि पात्रता, सेवा अवधि और वरिष्ठता से संबंधित सभी मानकों की जांच के बाद ही अंतिम सूची तैयार की जाएगी।

सर्किल स्तर पर दस्तावेजों की होगी जांच

इंडक्शन प्रक्रिया को पारदर्शी और नियमबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए विभाग ने सभी सर्किल कार्यालयों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं। पात्र कर्मचारियों की वरिष्ठता सूची तैयार करने के बाद सर्किल स्तर पर गठित समितियां सेवा रिकॉर्ड, नियुक्ति विवरण, शैक्षणिक प्रमाणपत्रों और तकनीकी योग्यता से जुड़े दस्तावेजों का सत्यापन करेंगी। इसके अलावा कर्मचारियों की सेवा अवधि की पुष्टि भी विभागीय रिकॉर्ड के आधार पर की जाएगी। विभाग ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वरिष्ठता क्रम का कड़ाई से पालन किया जाए तथा किसी भी स्तर पर नियमों से विचलन न हो। सत्यापन प्रक्रिया पूरी होने के बाद पात्र कर्मचारियों के मामलों को आगे की स्वीकृति के लिए भेजा जाएगा।

न्यायिक मामलों के अंतिम निर्णय के अधीन रहेगी प्रक्रिया

विभागीय आदेश में यह भी उल्लेख किया गया है कि प्रस्तावित नियुक्तियां और इंडक्शन प्रक्रिया किसी भी लंबित न्यायिक मामले के अंतिम निर्णय के अधीन रहेगी। यदि इस विषय से संबंधित कोई मामला न्यायालय में विचाराधीन है तो संबंधित नियुक्तियों पर अंतिम निर्णय न्यायालय के आदेशों के अनुरूप लिया जाएगा। विभाग ने सभी क्षेत्रीय अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि प्रक्रिया के दौरान लागू नियमों, न्यायिक निर्देशों और विभागीय प्रावधानों का पूर्ण पालन सुनिश्चित किया जाए। इसके साथ ही पात्र कर्मचारियों से संबंधित सभी अभिलेखों को अद्यतन रखने और समयबद्ध तरीके से रिपोर्ट प्रस्तुत करने को भी कहा गया है।