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किशाऊ समझौते का श्रेय हिमाचल की जनता और कांग्रेस सरकार को: मुख्यमंत्री सुक्खू

हिमांचलनाउ डेस्क नाहन • 59 Mins Ago • 1 Min Read

मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने किशाऊ बहुउद्देशीय परियोजना समझौते का श्रेय हिमाचल प्रदेश की जनता और कांग्रेस सरकार को देते हुए कहा कि प्रदेश के हित सुरक्षित रखने के लिए सरकार ने मजबूती से पैरवी की। नादौन विधानसभा क्षेत्र के रैल में आयोजित जनसभा के दौरान उन्होंने करनडोला में इसी वर्ष देश का पहला एलाइड हेल्थकेयर कॉलेज शुरू करने की भी घोषणा की।

हमीरपुर/नादौन

मुख्यमंत्री ने कहा कि किशाऊ परियोजना के तहत हिमाचल प्रदेश को बिना अतिरिक्त निवेश के करीब 1,500 करोड़ रुपये का लाभ मिलेगा, जबकि उत्तराखंड को समान आय अर्जित करने के लिए लगभग 3,000 करोड़ रुपये खर्च करने पड़ेंगे। उनके अनुसार, पांच वर्ष पहले परियोजना की अनुमानित लागत करीब 800 करोड़ रुपये थी, जो अब बढ़कर 3,000 से 5,000 करोड़ रुपये तक पहुंच गई है। उन्होंने कहा कि परियोजना से उत्तराखंड की अधिक भूमि भी प्रभावित हो रही है।

ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने कहा कि प्रदेश में कांग्रेस सरकार बनने के बाद किशाऊ परियोजना को लेकर तीन महत्वपूर्ण बैठकें हुईं। इन बैठकों के माध्यम से सरकार ने हिमाचल के अधिकार और हित सुरक्षित रखने का प्रयास किया। उन्होंने भाजपा नेताओं अनुराग सिंह ठाकुर और जयराम ठाकुर से उत्तराखंड की चिंताओं को समझने की बात कही। मुख्यमंत्री ने उम्मीद जताई कि बीबीएमबी का एरियर भी जल्द हिमाचल प्रदेश को मिलेगा।

राजस्व और कानूनी मामलों पर सरकार का पक्ष

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने प्रदेश के हितों से जुड़े मामलों की अदालतों में मजबूती से पैरवी की है। उनके अनुसार, 23 वर्षों से अदालत में चल रहे वाइल्ड फ्लावर हॉल मामले में सुप्रीम कोर्ट से राज्य के पक्ष में फैसला आने के बाद प्रदेश के खजाने में 401 करोड़ रुपये आए हैं और करीब दो करोड़ रुपये प्रतिमाह अतिरिक्त आय हो रही है। उन्होंने कहा कि सरकार प्रदेश की संपदा और जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए काम करती रहेगी।

उन्होंने बताया कि जेएसडब्ल्यू कंपनी से छह प्रतिशत अतिरिक्त रॉयल्टी का मामला पूर्व सरकार के समय से लंबित था। कांग्रेस सरकार ने हाईकोर्ट के फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी और मामला जीतने के बाद प्रदेश को प्रतिवर्ष करीब 150 करोड़ रुपये की अतिरिक्त आय हो रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि शराब ठेकों की नीलामी के माध्यम से सरकार को करीब 450 करोड़ रुपये का राजस्व मिला, जबकि पहले यह राशि लगभग 150 करोड़ रुपये थी।

स्वास्थ्य और शिक्षा क्षेत्र में सुधार का दावा

मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वास्थ्य क्षेत्र में सुधार के लिए डॉक्टरों और फैकल्टी के साथ विस्तृत चर्चा की गई है। उनके अनुसार, पूर्व सरकार के समय चिकित्सा महाविद्यालयों में करीब 35 प्रतिशत स्टाफ था, जबकि डॉक्टरों, तकनीकी और पैरामेडिकल कर्मचारियों के पद भरने के बाद यह उपलब्धता करीब 60 प्रतिशत तक पहुंची है। उन्होंने कहा कि आदर्श स्वास्थ्य संस्थानों में चिकित्सा अधिकारियों और विशेषज्ञ डॉक्टरों की नियुक्तियां की जा रही हैं तथा डायग्नॉस्टिक व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है। उन्होंने पूर्व भाजपा सरकार के कार्यकाल में हिमकेयर योजना में अनियमितताओं का आरोप भी लगाया।

शिक्षा क्षेत्र का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2021 में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के मामले में हिमाचल प्रदेश 21वें स्थान पर था, जबकि कांग्रेस सरकार के साढ़े तीन वर्ष के कार्यकाल के बाद प्रदेश पांचवें स्थान पर पहुंचा है। उन्होंने कहा कि हिमाचल ने पूर्ण साक्षर राज्य का दर्जा हासिल किया है। प्रदेश में शुरू किए जा रहे सीबीएसई स्कूलों में मेरिट के आधार पर शिक्षकों की नियुक्तियां की जा रही हैं।

मुख्यमंत्री ने भाजपा सांसदों और विधायकों पर प्रदेश के हितों की केंद्र सरकार के समक्ष प्रभावी पैरवी नहीं करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री की ओर से हिमाचल के लिए घोषित 1,500 करोड़ रुपये की सहायता अभी प्रदेश को नहीं मिली है। उन्होंने यह भी कहा कि आरडीजी के तहत मिलने वाली सालाना 8,000 से 10,000 करोड़ रुपये की सहायता बंद हो गई है। मुख्यमंत्री ने पुरानी पेंशन योजना पर कायम रहने और अन्य कर्मचारियों को भी इसका लाभ देने की बात कही।

करनडोला में एलाइड हेल्थकेयर कॉलेज की घोषणा

ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने कहा कि हमीरपुर जिले में एम्स स्तर का आयुर्वेदिक संस्थान स्थापित करने के प्रयास जारी हैं और हिमाचल प्रदेश ने इसके लिए बोली लगाई है। उन्होंने नादौन के करनडोला में इसी वर्ष देश का पहला एलाइड हेल्थकेयर कॉलेज शुरू करने की घोषणा की। इसके साथ ही पॉलिटेक्निक कॉलेज और आईटीआई में न्यू एज पाठ्यक्रम शुरू करने की बात कही, ताकि विद्यार्थियों को आधुनिक शिक्षा के साथ रोजगार के बेहतर अवसर मिल सकें।

मुख्यमंत्री ने रैल में दो करोड़ रुपये की लागत से निर्मित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भवन का उद्घाटन किया। उन्होंने 2.10 करोड़ रुपये की लागत वाले राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय रैल के भवन और 9.43 करोड़ रुपये से बनने वाले राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान नादौन के अतिरिक्त भवन खंड की आधारशिला भी रखी। इससे पहले उन्होंने जन स्वास्थ्य शिविर का शुभारंभ किया और पौधरोपण कार्यक्रम में भाग लिया। कार्यक्रम में कांग्रेस नेता डॉ. पुष्पेंद्र वर्मा, डॉ. मोहन लाल, पृथ्वी चंद, उपायुक्त गंधर्वा राठौर सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।

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