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TET / हिमाचल में ‘इन-सर्विस’ शिक्षकों के लिए विशेष TET परीक्षा, 31 अगस्त 2028 तक उत्तीर्ण करना होगा अनिवार्य, जाने किन शिक्षको को मिले गी छूट

हिमांचलनाउ डेस्क नाहन II • 49 Mins Ago • 1 Min Read

TET : हिमाचल सरकार ने बिना TET योग्यता वाले इन-सर्विस शिक्षकों के लिए विशेष TET परीक्षा आयोजित करने का निर्णय लिया है। शिक्षा विभाग ने ऐसे सभी शिक्षकों का रिकॉर्ड एकत्र करने के निर्देश जारी किए हैं और उन्हें निर्धारित समय सीमा के भीतर TET उत्तीर्ण करना अनिवार्य किया गया है। विभाग के अनुसार यह प्रक्रिया सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुपालन में की जा रही है और 31 अगस्त 2028 तक TET पास करना जरूरी होगा।

शिमला

बिना TET शिक्षकों के लिए सरकार का फैसला

प्रदेश के सरकारी स्कूलों में कार्यरत उन शिक्षकों के लिए शिक्षा विभाग ने निर्देश जारी किए हैं, जिनके पास अभी तक TET योग्यता नहीं है। सरकार इन-सर्विस शिक्षकों के लिए विशेष TET परीक्षा आयोजित करवाएगी। इसके साथ ही सभी जिलों से ऐसे शिक्षकों का विस्तृत रिकॉर्ड एक सप्ताह के भीतर निदेशालय को भेजने को कहा गया है। यह प्रक्रिया सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुपालन में की जा रही है। विभाग ने जिला स्तर पर उपलब्ध रिकॉर्ड, नियुक्ति तिथि, पदनाम और श्रेणी के आधार पर सूची तैयार करने के निर्देश दिए हैं।

31 अगस्त 2028 तक TET पास करना होगा अनिवार्य

शिक्षा विभाग के अनुसार, सर्वोच्च न्यायालय के महाराष्ट्र राज्य से जुड़े मामले और समीक्षा याचिका के आदेश के बाद इन-सर्विस शिक्षकों को 31 अगस्त 2028 तक TET योग्यता प्राप्त करना अनिवार्य किया गया है। पहले यह समय सीमा दो वर्ष थी, जिसे बढ़ाकर तीन वर्ष कर दिया गया है। स्कूल शिक्षा बोर्ड जल्द ही इन-सर्विस शिक्षकों के लिए विशेष TET परीक्षा का कार्यक्रम जारी कर सकता है। विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि निर्धारित समय सीमा के भीतर TET पास करना सभी संबंधित शिक्षकों के लिए आवश्यक होगा।

शिक्षकों की सूची तैयार करने के निर्देश

सरकार ने प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय को निर्देश दिए हैं कि जिन शिक्षकों ने अभी तक TET उत्तीर्ण नहीं किया है, उनकी पहचान कर सूची तैयार की जाए। सभी संबंधित अधिकारियों और स्कूल प्रमुखों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं कि ऐसे शिक्षक निर्धारित समय सीमा के भीतर TET परीक्षा उत्तीर्ण करें। जिला उपनिदेशकों से कहा गया है कि वे अपने-अपने जिलों में कार्यरत बिना TET वाले शिक्षकों का अद्यतन विवरण समय पर भेजें, ताकि राज्य स्तर पर समेकित रिकॉर्ड तैयार किया जा सके।

वर्ष में तीन बार परीक्षा आयोजित करने पर विचार

आदेशों में हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड, धर्मशाला को इन-सर्विस शिक्षकों के लिए विशेष TET परीक्षा आयोजित करने पर विचार करने को कहा गया है। साथ ही वर्ष में कम से कम तीन बार TET परीक्षा आयोजित करने की व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि पात्र शिक्षकों को पर्याप्त अवसर मिल सकें। विभागीय स्तर पर यह भी देखा जा रहा है कि परीक्षा कार्यक्रम को नियमित अंतराल पर जारी किया जाए, जिससे शिक्षकों को तैयारी और आवेदन के लिए समय मिल सके।

कुछ शिक्षकों को मिलेगी छूट

स्कूल शिक्षा निदेशालय ने जिला उपनिदेशकों को बिना TET वाले एलटी, टीजीटी (हिंदी, संस्कृत, पंजाबी, उर्दू), शास्त्री तथा सीएंडवी श्रेणी के शिक्षकों का नाम, पदनाम और नियुक्ति तिथि सहित पूरा विवरण ई-मेल के माध्यम से एक सप्ताह के भीतर भेजने को कहा है। विभाग के अनुसार पहले लगभग 7500 शिक्षकों का रिकॉर्ड प्राप्त हुआ था। सर्वोच्च न्यायालय के आदेशों के अनुसार जिन शिक्षकों की सेवानिवृत्ति में पांच वर्ष या उससे कम समय शेष है, उन्हें TET की अनिवार्यता से छूट दी गई है। इसी आधार पर संशोधित विवरण दोबारा मांगा गया है, ताकि छूट प्राप्त शिक्षकों की अलग पहचान की जा सके।

सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुसार बढ़ी समय सीमा

शिक्षा निदेशालय के अनुसार, सर्वोच्च न्यायालय ने रिव्यू पिटीशन (सिविल) संख्या 53434/2025 में दिए आदेश के तहत कार्यरत शिक्षकों को TET उत्तीर्ण करने के लिए निर्धारित अवधि दो वर्ष से बढ़ाकर तीन वर्ष कर दी है। अब सभी संबंधित शिक्षकों को 31 अगस्त 2028 तक अनिवार्य रूप से TET पास करना होगा। विभाग ने स्पष्ट किया है कि निर्धारित समय सीमा तक TET उत्तीर्ण नहीं करने वाले शिक्षकों की सेवाएं नियमों के अनुसार समाप्त की जा सकती हैं। सभी प्रधानाचार्यों और मुख्याध्यापकों को इस संबंध में शिक्षकों को आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।

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