52 करोड़ से बन रहा त्यूड़ी-पंडोगा पुल मार्च 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य
ऊना जिले के हरोली विधानसभा क्षेत्र में स्वां नदी पर 52 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे त्यूड़ी-पंडोगा पुल को सड़क सहित मार्च 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। आधा किलोमीटर से अधिक लंबे इस पुल के बनने से आसपास की करीब 15 पंचायतों को सीधा लाभ मिलेगा और पंडोगा से त्यूड़ी के बीच की दूरी लगभग 15 किलोमीटर कम होगी।
ऊना/वीरेंद्र बन्याल
निर्माणाधीन पुल से हरोली के साथ गगरेट, कुटलैहड़ और चिंतपूर्णी विधानसभा क्षेत्रों के हजारों लोगों का आवागमन सुगम होने की उम्मीद है। दूरी कम होने से यात्रियों के समय और ईंधन की बचत होगी। बेहतर सड़क संपर्क के कारण क्षेत्र में रोजगार, व्यापार और अन्य आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलने की संभावना है। यह परियोजना क्षेत्र के लोगों की लंबे समय से चली आ रही बेहतर संपर्क सुविधा की मांग को पूरा करने की दिशा में आगे बढ़ रही है।
13 में से 11 स्पैन का काम पूरा
त्यूड़ी-पंडोगा पुल में कुल 13 स्पैन लगाए जाने हैं, जिनमें से 11 स्पैन का निर्माण पूरा हो चुका है। शेष दो स्पैन का काम बरसात के बाद पूरा किया जाएगा। इसके साथ पुल को जोड़ने वाली सड़क का निर्माण भी निर्धारित समयसीमा के अनुसार किया जाना है। स्वां नदी पर बन रहा यह पुल अपने आकार और लंबाई के कारण क्षेत्र की महत्वपूर्ण परियोजनाओं में शामिल होगा। हरोली विधानसभा क्षेत्र में हिमाचल प्रदेश का सबसे लंबा रामपुर पुल भी स्थित है।
उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि त्यूड़ी-पंडोगा पुल क्षेत्रवासियों का लंबे समय से देखा गया सपना था, जो अब धरातल पर साकार हो रहा है। उनके अनुसार यह परियोजना क्षेत्र के विकास और लोगों की वर्षों पुरानी आवश्यकता को पूरा करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। पहले लोगों को स्वां नदी पार करने के लिए छोटी पुलिया का सहारा लेना पड़ता था और हादसों का खतरा बना रहता था। पुल तैयार होने के बाद इस समस्या का स्थायी समाधान होने तथा संपर्क, व्यापार और विकास को गति मिलने की उम्मीद है।
