ऊर्जा ठिकानों पर हमले निंदनीय, संवाद ही समाधान: प्रधानमंत्री मोदी
बहरीन के किंग से बातचीत, वैश्विक ऊर्जा सुरक्षा पर जताई चिंता
हिमाचल नाऊ न्यूज़, नई दिल्ली
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ऊर्जा बुनियादी ढांचों पर हो रहे हमलों को लेकर गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि तेल और गैस ठिकानों को निशाना बनाना निंदनीय है और इससे वैश्विक स्तर पर गंभीर संकट उत्पन्न हो सकता है।
हालात की गंभीरता को देखते हुए प्रधानमंत्री ने बहरीन के किंग हमद बिन ईसा अल खलीफा से टेलीफोन पर बातचीत की। इस दौरान दोनों नेताओं ने क्षेत्रीय सुरक्षा स्थिति पर विस्तार से चर्चा की और मौजूदा हालात पर चिंता जताई।
प्रधानमंत्री ने कहा कि ऊर्जा ठिकानों पर हमलों का सीधा असर वैश्विक खाद्य और ईंधन सुरक्षा पर पड़ रहा है। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील की कि ऐसे हमलों को रोकने और हालात सामान्य करने के लिए मिलकर प्रयास किए जाएं।
उन्होंने दोहराया कि किसी भी विवाद का समाधान युद्ध नहीं, बल्कि संवाद और कूटनीति के माध्यम से ही संभव है। भारत ने एक बार फिर शांति, स्थिरता और सुरक्षित आपूर्ति श्रृंखला को प्राथमिकता देने की बात कही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि पश्चिम एशिया में तनाव और बढ़ता है तो दुनिया को बड़े ऊर्जा संकट का सामना करना पड़ सकता है। इससे कच्चे तेल की कीमतों में उछाल आने के साथ-साथ वैश्विक अर्थव्यवस्था पर भी असर पड़ेगा।
भारत ने स्पष्ट किया है कि समुद्री व्यापार मार्गों की सुरक्षा और ऊर्जा की निर्बाध आपूर्ति विश्व शांति और आर्थिक स्थिरता के लिए अत्यंत आवश्यक है।