Category: Lahaul and Spiti

  • अटल टनल के नॉर्थ और साउथ पोर्टल में हिमपात का दौर शुरू, प्रशासन ने की एडवाइजरी जारी…

    अटल टनल के नॉर्थ और साउथ पोर्टल में हिमपात का दौर शुरू, प्रशासन ने की एडवाइजरी जारी…

    HNN/ लाहौल-स्पीति

    हिमाचल में शनिवार सुबह से ही लाहौल घाटी समेत अटल टनल के नॉर्थ और साउथ पोर्टल में हिमपात का दौर जारी है। रोहतांग दर्रा, मनाली पीक, हामटा पीक, पतालसू पीक, देऊ टिब्बा, हनुमान टिब्बा आदि चोटियों पर भी बर्फबारी हो रही है। सड़कों पर बर्फ की परत बिछ जाने से वाहनों के स्किड होने का अंदेशा बढ़ गया है।

    बर्फबारी को दखते हुए लाहौल स्पीति प्रशासन ने अटल टनल होकर मनाली से लाहौल और लाहौल घाटी के भीतर वाहनों में सफर करने वाले सैलानियों के साथ आम लोगों को एहतियात बरतने की अपील की है। डीएसपी मनाली केडी शर्मा ने एडवाइजरी जारी करके अनावश्यक सफर न करने की हिदायत दी है। बर्फबारी के साथ ही घाटी में ठंड का प्रकोप बढ़ गया है।

  • अटल टनल रोहतांग के नॉर्थ पोर्टल में हिमपात से सड़कों पर फिसलन, एडवाइजरी जारी…

    अटल टनल रोहतांग के नॉर्थ पोर्टल में हिमपात से सड़कों पर फिसलन, एडवाइजरी जारी…

    HNN/ लाहौल-स्पीति

    हिमाचल में वीरवार सुबह से ही लाहौल घाटी समेत अटल टनल के नॉर्थ पोर्टल में हिमपात का दौर जारी है। लाहौल के पट्टन, मयाड़ समेत तोद वैली में बर्फबारी शुरू होने से सफर जोखिम भरा हो गया है। सड़कों पर बर्फ की परत बिछ जाने से वाहनों के स्किड होने का अंदेशा बढ़ गया है।

    बर्फबारी को दखते हुए लाहौल स्पीति प्रशासन ने अटल टनल होकर मनाली से लाहौल और लाहौल घाटी के भीतर वाहनों में सफर करने वाले सैलानियों के साथ आम लोगों को एहतियात बरतने की अपील की है। जिला आपदा प्रबंधन ने एडवाइजरी जारी करके अनावश्यक सफर न करने की हिदायत दी है। बर्फबारी के साथ ही घाटी में ठंड का प्रकोप बढ़ गया है।

  • सिस्सू में स्नो मैराथन का आयोजन, 10 हजार फीट की ऊंचाई पर बर्फ की चादर पर दौड़ें धावक

    सिस्सू में स्नो मैराथन का आयोजन, 10 हजार फीट की ऊंचाई पर बर्फ की चादर पर दौड़ें धावक

    HNN/ लाहौल-स्पीति

    जिला लाहौल-स्पीति के सिस्सू में दस हजार फीट से अधिक ऊंचाई पर आज रविवार को देश की दूसरी स्नो मैराथन स्पर्धा हुई। बता दें इस स्नो मैराथन में भारतीय सेना के जवान, नौसेना के नाविकों सहित 300 से अधिक धावकों ने दौड़ लगाई। स्नो मैराथन दो वर्गों में हुई। 42 किलोमीटर की फुल मैराथन और 21 किलोमीटर की हाफ मैराथन।

    जबकि पांच किलोमीटर और एक किलोमीटर वर्ग में भी प्रतिभागियों ने भाग लिया। इस स्नो मैराथन के लिए चंद्रा नदी के बाएं किनारे की ओर सस्पेंशन ब्रिज, सिस्सू नर्सरी से आयोजन स्थल तक का ट्रैक निधार्रित किया गया। स्नो मैराथन के स्थानीय संयोजक राजेश चंद ने कहा कि स्नो मैराथन में 300 से अधिक प्रतिभागियों ने पंजीकरण करवाया।

    बर्फ की चादर पर रविवार सुबह 6:00 बजे दौड़ शुरू हुई। इस तरह के आयोजनों से पर्यटन क्षेत्र को भी बढ़ावा मिलेगा। इस तरह के आयोजन से जहां रोमांच पैदा होता है। वहीं, साहसिक खेलों के शौकीनों का ध्यान भी जाता है। विंटर सीजन में विश्व के मानचित्र पर लाना लाहौल को लाना आसान काम नहीं ,लेकिन कोशिश की जा रही है कि साहसिक खोलों की गतिविधियों को यहां पर ज्यादा से ज्यादा किया जाए। इससे देश -विदेश के पर्यटकों के साथ यहां के लोगों को रोजगार मिलेगा।

    इस अवसर रीच इंडिया के मुख्य कार्यकारी अधिकारी राजीव कुमार, मुख्य आयोजन सलाहकार कर्नल अरुण नटराजन, आयोजन निष्पादन प्रमुख राजेश चांद व गौरव सिमर कार्यकारी निदेशक व स्थानीय लोग मौजूद रहे।

  • हिमस्खलन की चपेट में आये लापता मज़दूर का अब तक नही लगा कोई सुराग, तलाश जारी

    हिमस्खलन की चपेट में आये लापता मज़दूर का अब तक नही लगा कोई सुराग, तलाश जारी

    HNN / लाहौल-स्पीति

    हिमाचल प्रदेश के जिला लाहौल-स्पीति में हिमस्खलन का सिलसिला शुरू हो गया है। रविवार शाम को भी लाहौल उपमंडल के सीमा क्षेत्र छीका के पास हिमस्खलन की चपेट में आने से बीआरओ के तीन मजदूर दब गए। जिसमे से दो मजदूरों के शव बरामद किए गए हैं जबकि तीसरा अभी तक लापता चल रहा है। लापता मजदूर की तलाश के लिए टीम ने देर रात तक रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया लेकिन उसका कहीं कुछ पता नहीं चल पाया।

    काफी अंधेरा होने के चलते टीम ने रेस्क्यू ऑपरेशन बंद कर दिया और आज सुबह फिर तीसरे मजदूर की तलाश के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया। हालांकि अभी तक टीम के हाथ सफलता नहीं लगी है। बता दे कि हादसा उस समय हुआ जब बीआरओ की मशीनरी व मजदूर दारचा-शिंकुला सड़क को बहाल कर रहे थे। अचानक पहाड़ी से हिमस्खलन होने से यह मजदूर चपेट में आ गए। तीनों मजदूर बीआरओ के हैं। घटना में बीआरओ का स्नो कटर भी चपेट में आया है।

    जिला प्रशासन को जैसे ही हादसे की सूचना मिली तो जिला आपदा प्रबंधन, पुलिस और रेस्क्यू टीम को घटनास्थल के लिए रवाना किया गया। शून्य तापमान और अंधेरा होने के चलते सिर्फ दो मजदूरों के शव बरामद हो पाए जबकि तीसरे का कोई पता नहीं चल पाया।

  • प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना से जुड़ेंगे लाहौल के यह सम्पर्क मार्ग

    प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना से जुड़ेंगे लाहौल के यह सम्पर्क मार्ग

    HNN / लाहुल-स्पीति

    जिला लाहुल-स्पीति के विधायक रवि ठाकुर ने खराब मौसम के चलते भी ठंड के बावजूद जिला के विभिन्न ग्राम पंचायतों में दौरा किया। उन्होंने तांदी, ठोलंग, तोजिंग, रंगबे तथा लौट गांव के ग्रामीणों से मुलाकात की। गांवों के लोगों की लंबित मांगों को पूरा करने का आश्वासन देते हुए उन्होंने कहा कि जिला लाहौल-स्पीति में लोगों की आर्थिकी को मजबूत करने की दिशा में कृषि, बागवानी, पशुपालन व मौन पालन व्यवसाय को और अधिक मजबूती प्रदान करने की कार्य योजना पर भी बल दिया जा रहा है।

    जिला के ऐतिहासिक मंदिरों मेलिंग, जोबरंग व त्रिलोकनाथ के तोरण द्वार की दशा भी सुधारी जाएगी तथा जोबरंग नाग मंदिर जीर्णोद्धार के लिए एक लाख की धनराशि अलग से भी उपलब्ध करवाई जाएगी। उन्होंने कहा कि लाहौल घाटी के 7 संपर्क मार्गों को प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना चरण तृतीय में शामिल किया गया है जिसमें इन मार्गो के उन्नयन व सुधारीकरण कार्य को अंजाम दिया जाएगा।

    विधायक ने कहा कि पर्यटन व शीतकालीन खेलों की आपार संभावनाओं को देखते हुए कारगर कदम उठाए जाएंगे। संबंधित विभागों के उच्च अधिकारियों के साथ कार्य योजना को धरातल पर अमलीजामा पहनाने के लिए कार्य योजना को प्रदेश सरकार के समक्ष भी उठाया जाएगा और अतिरिक्त धनराशि का भी प्रावधान करवाया जाएगा।

  • सड़क पर घूमते दिखे तीन शावक, कैमरे में कैद हुआ वीडियो

    सड़क पर घूमते दिखे तीन शावक, कैमरे में कैद हुआ वीडियो

    HNN/ लाहौल-स्पीति

    बाघ अक्सर जंगल से निकलकर सड़कों पर घूमते हुए नजर आ ही जाते है। ऐसे में यदि कोई बाघिन अपने शावकों के साथ सड़क पर विचरण करती नजर आए तो उस नजारे को देखकर राहगीर रोमांचित हो उठते हैं। एक ऐसा ही नजारा जिला लाहौल-स्पीति के लाहौल घाटी में देखा गया है। जिसका वीडियो इंटरनेट पर खूब वायरल हो रहा है।

    जिसमे देखा जा रहा है कि तीन शावक सड़क पर बेखौफ होकर घूम रहे है। यह स्नो लेपर्ड लाहौल घाटी के मूलिंग पुल के आसपास घूम रहे थे। स्थानीय निवासी सोनम जांगपो ने बताया कि वह अपनी गाड़ी में मनाली से केलांग जा रहे थे।

    इस दौरान उन्होंने सड़क पर घूम रहे 3 शावको को देखा और इस नजारे को अपने फोन में कैद कर इसका एक वीडियो बनाया और सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। उन्होंने बताया कि तीनों शावक सड़क पर घूमते हुए एक दूसरे के साथ खेल रहे थे। जिससे यह नजारा और भी रोमांचक हो गया। जैसी ही गाड़ी की लाइट उन पर पड़ी तो शावक पहाड़ी की ओर निकल गए।

  • भारी हिमस्खलन से चार घंटे तक रुका रहा नदी का बहाव, प्रशासन ने लोगों को किया सतर्क….

    भारी हिमस्खलन से चार घंटे तक रुका रहा नदी का बहाव, प्रशासन ने लोगों को किया सतर्क….

    HNN/ लाहौल स्पीति

    हिमाचल प्रदेश में इन दिनों रुक रुक कर बर्फबारी का दौर लगातार जारी है। पहाड़ों पर भारी हिमपात के कारण हिमस्खलन का सिलसिला भी शुरू हो चुका है। लाहौल घाटी में बुधवार को थिरोट-कमरिंग के बीच वामतट की पहाड़ी से डिमरू नाले से भारी हिमस्खलन हुआ।

    इस दौरान हिमस्खलन की सारी बर्फ चिनाब नदी में जा गिरी जिससे नदी का बहाव करीब चार घंटे रुका रहा। नदी के बहाव रुकने के बाद जिला प्रशासन सहित स्थानीय लोगों ने दूरभाष के माध्यम से डिमरू नाले से नीचे रहने वाले लोगों को सतर्क रहने को कहा। पुलिस ने भी हिमस्खलन से रुके चिनाव का प्रवाह को लेकर लोगों को नदी के किनारे नहीं जाने की हिदायत दी।

  • लाहौल-स्पीति में हिमस्खलन, लोगों में दहशत का माहौल

    लाहौल-स्पीति में हिमस्खलन, लोगों में दहशत का माहौल

    HNN/ लाहौल-स्पीति

    जिला लाहौल-स्पीति में शनिवार को हिमस्खलन होने से इलाके के लोगों में दहशत का माहौल बना हुआ है। हिमस्खलन होने से किसानों को काफी नुक्सान हुआ है, जिसमे गौशाल गांव के रोगलिंग स्थित कई खेत तहस-नहस हो गए हैं। हालांकि हिमस्खलन से किसी तरह का कोई जानी नुक्सान नहीं हुआ है।

    प्राप्त जानकारी के अनुसार, आज दोपहर केलांग से 11 किमी दूर चन्द्रा-भागा नदी के ऊपर पीर पंजाल की चोटी से यह हिमखंड गिरा। हिमखंड का बड़ा हिस्सा चन्द्रा-भागा नदी पार कर ठोलंग गांव तक पहुंच गया। जिसको देख एक बार तो लोगों में हड़कंप मच गया, परंतु कोई नुक्सान न होने से सबने राहत की सांस ली।

    उधर, डीसी सुमित खिमटा ने बताया कि हिमस्खलन होने से किसी तरह का कोई जानी नुक्सान नहीं हुआ है। उन्होंने कहा कि भारी हिमपात होने से हिमस्खलन होने का खतरा बना रहता है इसलिए उन्होंने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है।

  • कड़ाके की ठंड में पुलिस सहित बीआरओ के जवानों ने गर्भवती महिला और पीड़ित बच्चे को पहुंचाया अस्पताल

    कड़ाके की ठंड में पुलिस सहित बीआरओ के जवानों ने गर्भवती महिला और पीड़ित बच्चे को पहुंचाया अस्पताल

    HNN/ लाहौल-स्पीति

    हिमाचल प्रदेश के ऊपरी क्षेत्रों में भारी हिमपात होने के कारण लोगों को कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। जिसमें सबसे ज्यादा परेशानी वाहन चालकों को आ रही है। सड़कों पर बर्फ की मोटी परत जमने से वाहनों के स्किड होने के खतरे के साथ-साथ वाहनों की आवाजाही भी बंद हो रही है। वहीं, लाहौल-स्पीति में सड़कों पर 2 फीट बर्फ जमने के कारण एक गर्भवती महिला और मिर्गी से पीड़ित बच्चे को बड़ी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।

    लाहौल-स्पीति में एक गर्भवती महिला को प्रसव पीड़ा शुरू हुई, जिसके बाद 108 की सहायता से उसे अस्पताल ले जाना चाहा परंतु सड़क पर 2 फीट बर्फ जमने के कारण अस्पताल पहुंचना नामुमकिन हो गया था। जिसके बाद पुलिस की टीम और बीआरओ के जवान मौके पर पहुंचे और 2 फीट बर्फ के बीच कड़ाके की ठंड का सामना करके पीड़ित महिला पल्लवी देवी और मिर्गी से जूझ रहे 11 वर्ष के पीड़ित बच्चे को सुरक्षित मनाली अस्पताल पहुंचाया।

    जहां चिकित्सकों ने दोनों को प्राथमिक उपचार के बाद कुल्लू अस्पताल रेफर कर दिया। बता दे कि जवानों की मदद से महिला और बच्चा दोनों सुरक्षित है। मामले की पुष्टि करते हुए एसपी लाहौल-स्पीति मानव वर्मा ने बताया कि बर्फ की 2 फीट परत के बीच जवानों और पुलिस ने कड़ी मशक्कत कर पीड़ित महिला और बच्चे को सुरक्षित अस्पताल पहुंचाया।

  • ओपीएस बहाल करने पर लाहौल-स्पीति के कर्मचारियों ने किया प्रदेश सरकार का धन्यवाद

    ओपीएस बहाल करने पर लाहौल-स्पीति के कर्मचारियों ने किया प्रदेश सरकार का धन्यवाद

    HNN/ लाहौल-स्पीति

    जिला लाहौल-स्पीति के लाहौल इकाई के एनपीएस कर्मचारी संघ के अध्यक्ष प्रताप सिंह ने कहा कि प्रदेश की सुखविंदर सिंह सुक्खू सरकार ने सरकारी कर्मियों की पुरानी पेंशन स्कीम (ओपीएस) बहाल कर प्रदेश के लाखों कर्मियों को लोहड़ी का तोहफा दिया है। उन्होंने कहा कि सरकार के इस ऐतिहासिक कदम से प्रदेश में लंबे समय से चली आ रही ओपीएस बहाली की मांग को न केवल पूरा किया है बल्कि सरकारी कर्मियों को राहत प्रदान की है।

    लाहौल के उदयपुर उप मंडल के शिक्षा विभाग से वर्ष 2015 में गांव मडग्राम के एनपीएस में सेवानिवृत्त कर्मचारी के धर्मपत्नी सुखदेवी ने कहा कि घर का खर्चा चलाना मुश्किल हो गया था, लेकिन अब प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने पुरानी पेंशन बहाल कर बहुत बड़ी राहत प्रदान की है। इसके लिए उन्होंने प्रदेश सरकार के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू का हार्दिक धन्यवाद किया है।